आबादी क्षेत्र से शराब ठेके को हटाए जाने की उठाई मांग, साथ ही महिलाओं ने चेतावनी दी जल्द इस ठेके को नहीं हटाया जाता तो धरना प्रदर्शन करने को मजबूर हो जाएंगी
महोबा। तहसील कुलपहाड़ के बरेडा बुजुर्ग गांव के मुख्य मार्ग पर स्थित शराब ठेके से हो रही ग्रामीणों और छात्राओं की परेशानी को देखते हुए गांव की महिलाएं एकजुट हो गई। महिलाओं ने ग्रामीणों के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचकर विरोध जताया और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए आबादी क्षेत्र से शराब ठेके को हटाए जाने की मांग उठाई साथ ही चेतावनी दी कि यदि जल्द से जल्द इस ठेके को नहीं हटाया जाता तो धरना प्रदर्शन करने को मजबूर हो जाएंगी।
थाना महोबकंठ के अंतर्गत आने वाले बरेंडा बुजुर्ग गांव की महिलाओं ने बताया कि गांव के मुख्य मार्ग पर स्थित शराब का ठेका उनके लिए एक बड़ी समस्या बन गया है। महिलाओं ने आरोप लगाया कि ठेके के पास सुबह से ही असामाजिक तत्वों और शराबियों का जमावड़ा लग जाता है। महिलाओं के अनुसार, शराबी अक्सर आपत्तिजनक स्थिति में सड़क पर खड़े रहते हैं और वहां से गुजरने वाली लड़कियों व महिलाओं पर अभद्र टिप्पणियां करते हैं, जिससे कई छात्राओं ने डर के मारे स्कूल जाना भी कम कर दिया है।
ज्ञापन में बताया कि इस समस्या को लेकर पहले भी कई बार अधिकारियों और तहसील स्तर पर शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उन्हें केवल आश्वासन दिया और समस्या को ठंडे बस्ते में डाल दी गई। ग्रामीण महिलाओं ने बताया कि एक ओर सरकार बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का नारा देती है, वहीं दूसरी ओर मुख्य रास्ते पर शराब का ठेका खोलकर बेटियों की सुरक्षा से खिलवाड़ किया जा रहा है।
महिलाओं ने जिलाधिकारी से ठेके को तुरंत मुख्य रास्ते से हटाकर गांव के बाहर ऐकांत स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ठेका नहीं हटाया गया, तो वे बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे। ज्ञापन देने वालों में गोमती, साधना, जितेंद्र, तुलसी आदि महिलाएं व ग्रामीण मौजूद रहे।





