आजमगढ़ l उ०प्र० राज्य महिला आयोग की सदस्य डा० प्रिंयका मौर्या द्वारा जनपद आजमगढ़ के द्वारा तहसील सगड़ी के सभागार में जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जनसुनवाई के अन्तर्गत कुल 26 प्रकरण प्राप्त हुए, जिसमें घरेलू हिंसा से सम्बन्धित प्रकरण, छेड़खानी, जमीनी विवाद, दहेज सदस्य ने समस्त पीडित महिलाओं को यह आश्वासन दिया कि आपको डरने की जरूरत नहीं है, आप सभी को एक सशक्त, मजबूत, स्वालम्बी और आत्मनिर्भर महिला बनने की जरूरत हैं, उ०प्र० राज्य महिला आयोग आपके साथ है।
इसके उपरान्त महोदया की अध्यक्षता में बासुपार बनकट पंचायत भवन, विकास खण्ड अजमतगढ़ में जागरूकता चौपाल का आयोजन किया गया, जिसके अन्तर्गत विभिन्न विभागों जैसे महिला कल्याण विभाग, स्वास्थ्य विभाग, समाज कल्याण विभाग, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के अन्तर्गत संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाये जाने हेतु कार्यक्रम का आयोजन किया गया एवं जनमानस को अन्य विभागों से सम्बन्धित योजनाओं के बारे में जागरूक किया गया, जिससे ग्रमीण स्तर तक जरूरत मंद लोगों को योजनाओं का लाभ मिल सके।
जन जागरूकता चौपाल में ग्रामीण स्तर से उपस्थित समस्त महिलाओं को दहेज निषेध अधिनियम 1961 के विषय में भी जागरूक किया गया तथा यह भी अवगत कराया गया कि शादी के दौरान दहेज लेने या देने या उसकी मांग करने को अपराध बनाता है, इसके तहत दोषियों को न्यूनतम 5 साल की कैद और भारी जुर्माने (15000 रू० या दहेज की कीमत, जो अधिक हो) की सजा हो सकती है। जागरूकता चौपाल में महोदया द्वारा आमजन मानस को विभिन्न विभाग के योजनाओं के बारे में विस्तृत रूप से जानकारी दी गई। समस्त अधिकारीगण द्वारा अपने विभाग से सम्बन्धित योजनाओं के बारे में विस्तृत रूप से जानकरी दी गयी।
कार्यक्रम में उपस्थित जिला प्रोबेशन अधिकारी सुबोध कुमार सिंह द्वारा महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं, जैसे मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना, निराश्रित महिला पेंशन योजना, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (सामान्य), वन स्टॉप सेन्टर योजना, चाइन्ड हेल्पलाईन के बारे में जानकारी दी गयी।
जनसुनवाई/जागरूकता चौपाल कार्यक्रम में क्षेत्राधिकारी सगड़ी, उप जिलाधिकारी सगड़ी, मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, महिला थानाध्यक्ष, बाल विकास परियोजना अधिकारी, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, जिला श्रम प्रवर्तन अधिकारी, वन स्टॉप सेन्टर, हब फार इम्पावरमेन्ट, चाइन्ड हेल्पलाईन, विशेष दत्तक ग्रहण इकाई के समस्त कार्मिक उपस्थित रहें।





