Saturday, April 18, 2026
spot_img
HomeLucknowदुष्कर्म, मतांतरण के आरोपी डॉ. रमीज के लैपटॉप में कैद हैं तमाम...

दुष्कर्म, मतांतरण के आरोपी डॉ. रमीज के लैपटॉप में कैद हैं तमाम काले कारनामे, तलाश में जुटी STF

किंग जार्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में जूनियर डॉक्टर से दुष्कर्म, मतांतरण की धमकी देने और गर्भपात के आरोप में गिरफ्तार किए गए आरोपित डॉ. रमीजुद्दीन नायक उर्फ रमीज का लैपटॉप अभी तक किसी के हाथ नहीं लगा है। एसटीएफ उसके लैपटाप की तलाश में है। आशंका है कि रमीज के लैपटॉप में उससे पीड़ित कई युवतियों के फोटो, वीडियो और मतांतरण से जुड़ी अहम सामग्री है। इस दिशा में एसटीएफ जांच कर रही है।

लखनऊ। किंग जार्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में जूनियर डॉक्टर से दुष्कर्म, मतांतरण की धमकी देने और गर्भपात के आरोप में गिरफ्तार किए गए आरोपित डॉ. रमीजुद्दीन नायक उर्फ रमीज का लैपटॉप अभी तक किसी के हाथ नहीं लगा है। एसटीएफ उसके लैपटाप की तलाश में है। आशंका है कि रमीज के लैपटॉप में उससे पीड़ित कई युवतियों के फोटो, वीडियो और मतांतरण से जुड़ी अहम सामग्री है। इस दिशा में एसटीएफ जांच कर रही है।

केजीएमयू के डा. रमीजुद्दीन नायक पर जूनियर चिकित्सक ने दुष्कर्म करने, गर्भपात कराने और मतांतरण की धमकी देने के आरोप लगाए थे। उसने प्रकरण की शिकायत केजीएमयू प्रशासन से की थी। इसके बाद चौक कोतवाली में रमीज के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। इस बीच रमीज फरार हो गया था।

साजिश में उसके पिता और मां भी शामिल थी। पुलिस ने मां-बाप को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। बीते शुक्रवार को रमीज को भी गिरफ्तार कर लिया गया। रमीज की निशानदेही पर पुलिस ने उसका मोबाइल फोन बरामद किया। हालांकि, मोबाइल फोन से पुलिस को कोई डाटा नहीं मिला। साजिशन सारा डाटा मोबाइल से डिलीट किया गया था।

एसटीएफ की जांच टीम अब रमीज का लैपटाप तलाश रही है। अभी तक लैपटाप की लोकेशन नहीं मिल सकी है। तकनीकी टीमें आइपी एड्रेस की मदद से लैपटाप का पता लगा रही हैं। जांच टीम के सूत्रों ने बताया कि, प्रारंभिक छानबीन में एसटीएफ को पता लगा है कि लैपटॉप में करीब एक दर्जन युवतियों और महिलाओं के फोटो और वीडियो हैं।

लैपटॉप में मतांतरण से जुड़े कई वीडियो, आडियो और मतांतरण से जुड़ी अन्य सामग्री है। कई बार रमीज ने इन्हीं वीडियो के आधार पर युवतियों को मतांतरण के लिए दुष्प्रेरित किया था। जांच के अनुसार, जूनियर चिकित्सक को भी रमीज ने इन वीडियो के बारे में बताया था।

अलग-अलग नामों से बनाए थे फोल्डर

जांच में सामने आया है कि डा. रमीज ने लैपटाप में युवतियों के अलग-अलग नाम रखे थे। हर फोल्डर में अलग युवती से जुड़ी सामग्री वह रखता था। कुछ युवतियों की बिना जानकारी के उसने काल भी रिकार्ड किए थे। यह फाइल भी रमीज अपने लैपटाप में रखता था। एसटीएफ सरगर्मी से उसके लैपटाप की तलाश में जुटी है।

चौक पुलिस से लिए दस्तावेज

एसटीएफ ने पूरे मामले की विवेचना शुरू करते हुए चौक थाने में दर्ज एफआइआर, बयान, हंगामे से जुड़े फोटो-वीडियो और जांच के अन्य दस्तावेज पुलिस से लिए हैं। इसी के आधार पर एसटीएफ की टीम प्रकरण की छानबीन कर रही है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img

Most Popular