महराजगंज । जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने भ्रष्टाचार और लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई करते हुए तहसील सदर में तैनात राजस्व निरीक्षक योगेन्द्र कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर विभागीय कार्यवाही के आदेश दिए हैं।
ग्राम निवासी अशोक कुमार ने शिकायत की थी कि उनके मामले में सकारात्मक रिपोर्ट लगाने के लिए राजस्व निरीक्षक ने रुपये की मांग की और पैसे न देने पर गलत व भ्रामक रिपोर्ट भेज दी। जिलाधिकारी ने इस शिकायत की जांच डिप्टी कलेक्टर से कराई। जांच में आरोप सही पाए गए और साथ ही राजस्व निरीक्षक की कार्यप्रणाली में गंभीर शिथिलता भी उजागर हुई।
जांच रिपोर्ट में सामने आया कि योगेन्द्र कुमार ने धारा 24 के 45 प्रकरणों में से केवल 4 की ही आख्या भेजी। पत्थर नसब के 6 मामलों में सिर्फ 1 की कार्यवाही की गई, जबकि धारा 32/38 के 9 और धारा 30 के 19 मामलों में कोई कार्रवाई नहीं की गई। इस आधार पर जिलाधिकारी ने इसे सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली का गंभीर उल्लंघन मानते हुए उन्हें निलंबित किया।
डीएम शर्मा ने स्पष्ट कहा कि ईमानदारी और पारदर्शिता पर किसी तरह का समझौता स्वीकार्य नहीं होगा। जनसमस्याओं के निस्तारण में शिथिलता कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जो भी अधिकारी या कर्मचारी लापरवाही करेगा, उसके खिलाफ कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। डीएम की इस कार्रवाई से राजस्व विभाग समेत पूरे जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया है।





