हसन पब्लिक स्कूल चौधरी सराय के परिसर में परम्परागत जुलूस ए अलम बरामद किया गया। जिसमें मुकामी मातमी अन्जुमानो के अलावा सुल्तानपुर मुज्जफर नगर बुलंदशहर सिरसी नूरियो सराय की मातमी अन्जूमनो ने कर्बला के शहीदों की याद में मातम व नोहा ख्वानी बरपा करके शोक व्यक्त किया। मजलिस की शुरुआत हसन अब्बास और उनके साथियों ने मर्सिया ख्वानी करके की मजलिस को मौलाना सलमान रजा नकवी ने सम्बोधित करते हुए कहा कि इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम की जा़त और उनकी बेमिसाल शहादत इस्लामी तारीख का ऐसा रोशन नुक्ता और चशमये फ़ैज़ है जिससे आने वाले ज़माने हमेशा नूर हासिल करते रहेंगे। मौलाना ने उपस्थित अजादारो से कहा कि इमाम हुसैन की सीरत पर चले और ज़ुल्म के खिलाफ आगे आ कर आवाज बुलंद करे।
मौलाना ने कहा कि मजलिसे हमारी दर्सगाह है मजलिसो में रस्म समझ कर नहीं बल्कि फ़र्ज़ समझ कर शामिल हों और अपने इल्म में इजाफा करे क्योंकि मजलिसे अजीम इबादत है । मौलाना ने कर्बला की दर्दनाक घटना बयान की जिसको सुनकर मजलिस में मौजूद लोगों की आंखों से अशक जारी हो गये बाद मजलिस के अलम बरामद किया गया जिसकी अजांदारो ने जियारत की और मातमी अन्जुमानो ने देर रात तक नोहा ख्वानी करके मातम किया इस अवसर पर सैय्यद मोहसिन रज़ा नकवी गुफरान मोहसिन नैय्यर अब्बास अली सादिक इशरत अब्बास जहीर मोहसिन शाने अब्बास हसन मौहम्मद सुहैल अब्बास सलीम मेहंदी आदि शामिल रहे। कार्यक्रम का संचालन काजी मौहम्मद नाजिम ने किया





