इटावा। जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में गुरुवार को विकास भवन स्थित प्रेरणा सभागार में राजकीय एवं निजी चिकित्सालयों से निकलने वाले बायोमेडिकल वेस्ट के सुरक्षित एवं वैज्ञानिक निस्तारण के संबंध में प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।कार्यशाला का उद्देश्य चिकित्सालयों में बायोमेडिकल वेस्ट के पृथक्करण,संग्रहण,परिवहन एवं निस्तारण की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी एवं मानक अनुरूप बनाना रहा।
डीएम ने कहा कि बायोमेडिकल वेस्ट का सुरक्षित निस्तारण जनस्वास्थ्य एवं पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है।उन्होंने निर्देश दिए कि सभी चिकित्सालयों में वेस्ट उत्पन्न होने के स्थान(एट सोर्स)पर ही निर्धारित मानकों के अनुसार उसका पृथक्करण सुनिश्चित किया जाए तथा बायोमेडिकल वेस्ट किसी भी स्थिति में खुले स्थान पर न फेंका जाए।उन्होंने कहा कि बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स, 2016 का सभी चिकित्सालयों द्वारा शत-प्रतिशत अनुपालन किया जाए।नियमों का उल्लंघन करने वाले चिकित्सालयों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
कार्यशाला में मेसर्स ग्रीन हाउस वेस्ट मैनेजमेंट,मैनपुरी के जितेन्द्र शर्मा ने बायोमेडिकल वेस्ट के वैज्ञानिक प्रबंधन की संपूर्ण प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी दी।उन्होंने बताया कि बायोमेडिकल वेस्ट के सुरक्षित निस्तारण के लिए लाल,पीले,नीले एवं सफेद रंग के कलर-कोडेड डस्टबिन का उपयोग किया जाता है।लाल डस्टबिन में सभी संक्रमित प्लास्टिक अपशिष्ट जैसे आई.वी.सेट, बॉटल,कैथेटर,प्लास्टिक सीरेंज इत्यादि, पीले डस्टबिन में मानव ऊतक,प्लेसेंटा, पट्टी,रक्त से सनी हुई रूई इत्यादि,नीले डस्टबिन में कांच की वायल,स्लाइड एवं एम्प्यूल तथा सफेद पंक्चर प्रूफ जार में कटी हुई सई व मेटेलिक ब्लेड रखे जाते हैं।
सामान्य कचरे के लिए काले रंग के डस्टबिन का उपयोग किया जाना चाहिए।जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि प्रत्येक चिकित्सालय में अस्थायी बायोमेडिकल वेस्ट स्टोरेज एरिया विकसित किया जाए तथा प्रतिदिन उठाए जाने वाले बायोमेडिकल वेस्ट का विवरण लॉग बुक में नियमित रूप से दर्ज किया जाए। उन्होंने कहा कि समस्त बायोमेडिकल वेस्ट अधिकृत एजेंसी ग्रीन हाउस वेस्ट मैनेजमेंट को ही उपलब्ध कराया जाए, जिससे उसका वैज्ञानिक एवं सुरक्षित निस्तारण सुनिश्चित हो सके।
कार्यशाला के दौरान जिला परिवार नियोजन एवं लॉजिस्टिक प्रबंधन अधिकारी श्री अमित विश्वकर्मा ने 11 जुलाई से 18 जुलाई 2026 तक आयोजित होने वाले विश्व जनसंख्या पखवाड़ा के संबंध में जानकारी साझा की।इस अवसर पर सीएमएस पुरुष चिकित्सालय डॉ.पारितोष शुक्ला, सीएमएस महिला चिकित्सालय डॉ. अनिल कुमार,नोडल अधिकारी, आरसीएच/बायोमेडिकल वेस्ट डॉ.प्रदीप गुप्ता,डॉ.रईसुद्दीन,अमित विश्वकर्मा, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड,फिरोजाबाद दीपक चक,समस्त राजकीय चिकित्सालयों के प्रभारी चिकित्साधिकारी तथा निजी चिकित्सालयों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।





