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रासायनिक खादों पर निर्भरता कम कर जैविक खेती अपनाने पर दें ज़ोर- जिला कृषि अधिकारी

इटावा,उदी। ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक और उन्नत कृषि को बढ़ावा देने तथा किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शुक्रवार को ‘विकसित कृषि संकल्प अभियान’ के तहत पंचायत स्तर पर एक विशेष किसान संगोष्ठी का आयोजन किया गया।इस अभियान के दौरान कृषि विशेषज्ञों और अधिकारियों ने उपस्थित किसान भाइयों से सीधे संवाद कर वर्तमान परिदृश्य में बदलती खेती,मिट्टी की सेहत और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा की। संगोष्ठी को संबोधित करते हुए जिला कृषि अधिकारी ओंकार सिंह ने कहा कि जनपद में 05 जून से 21 जून 2026 तक विकसित कृषि संकल्प अभियान चलाया जा रहा है।

जिसमें उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में अंधाधुंध रासायनिक खादों के उपयोग से खेतों की उर्वरा शक्ति (मिट्टी की सेहत)लगातार कम हो रही है। इस रासायनिक निर्भरता को कम करना आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। उन्होंने किसानों का आह्वान किया,कि वे अपने मूल पारंपरिक तरीकों की ओर लौटें।गोबर की खाद और केंचुआ खाद (वर्मी कंपोस्ट)का अधिक से अधिक इस्तेमाल कर,कैसे कम लागत में बेहतर और पौष्टिक फसल ली जा सकती है, इसके व्यावहारिक तरीके किसानों को बताए गए।बैठक में उर्वरक(खाद) वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए किसानों को फार्मर रजिस्ट्री कराने की सलाह दी गई।

अधिकारियों ने स्पष्ट किया,कि शासन द्वारा प्रति हेक्टेयर के लिए खाद का एक मानक निर्धारित किया गया है,जिसके तहत यूरिया अधिकतम 07 बोरी प्रति हेक्टेयर और डीएपी अधिकतम 05 बोरी प्रति हेक्टेयर।इसी निर्धारित मानक के अनुसार ही किसान भाइयों को उर्वरक उपलब्ध कराया जाएगा।इसके साथ ही,बीज वितरण की ऑनलाइन व ऑफलाइन बुकिंग प्रक्रिया की जानकारी दी गई ताकि सही समय पर उन्नत किस्म के बीज किसानों तक पहुँच सकें।

कार्यक्रम के दौरान स्थानीय किसानों ने अपनी दो मुख्य और गंभीर समस्याओं को अधिकारियों के समक्ष प्रमुखता से रखा।जिसमें एक जंगली सुअरों का आतंक,खेतों में जंगली सुअरों द्वारा फसलों को किए जा रहे नुकसान से किसान बेहद परेशान हैं और दूसरा बंद पड़ा सरकारी ट्यूबवेल,क्षेत्र का सरकारी ट्यूबवेल लंबे समय से बंद पड़ा है,जिससे सिंचाई व्यवस्था बाधित है।

किसानों की गंभीर समस्याओं पर संवेदनशीलता दिखाते हुए,जिला कृषि अधिकारी ने आश्वस्त किया,कि जंगली सुअरों की समस्या को उच्च स्तर पर संबंधित विभाग के समक्ष उठाया जाएगा।उक्त आयोजन में मुख्य रूप से ओंकार सिंह जिला कृषि अधिकारी,डॉ.एस के सिंह प्रभारी केवीके,डॉ.वी.वी.जायसवाल कृषि वैज्ञानिक,हवा सिंह यादव एसएमएस, नरेंद्र कुमार एडीओ,नरेंद्र कुमार बीज गोदाम प्रभारी,अमित कुमार सिंह प्रधान प्रतिनिधि सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।

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