कांग्रेसियों द्वारा पूर्व निर्धारित कार्यक्रमानुसार ग्राम औरंगाबाद माफी में मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत चौपाल का आयोजन किया गया।
चौपाल को संबोधित करते हुए कांग्रेस के प्रदेश कोऑर्डिनेटर ओंमकार सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा पास की गई नई योजना के तहत सरकार यह तय करेगी कि यह योजना ग्रामीण गरीबों के लिए कब खोली जाएगी, जो एक तरह से पिछली यूपीए सरकार द्वारा दिए गए काम के अधिकार को छीन लेती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने पहले देश में पंचायती राज संस्थानों को मजबूत करने के लिए काम किया था, लेकिन नई योजना उन्हें कमजोर कर देगी।जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष मनरेगा बचाओं संग्राम प्रभारी सुनीता सिंह ने कहा वीबीजीरामजी ने सब कुछ बदल दिया है. नई योजना के तहत काम की मांग करना अब गरीबों का अधिकार नहीं रहा।
उन्होंने कहा कि काम सिर्फ केंद्र सरकार द्वारा नोटिफाई की गई पंचायतों में ही दिया जाएगा, ऐसी स्थिति में यदि किसी पंचायत को नहीं चुना जाता है, तो वहां के ग्रामीणों को काम का कोई अधिकार नहीं होगा,भले ही वे गरीबी से प्रभावित हों या परेशानी में हों।शहर अध्यक्ष मुन्ना लाल सागर ने कहा नई योजना फंड, काम और संपत्ति सहित सभी फैसले लेने का अधिकार केंद्र सरकार को देती है,और इससे योजना के मैनेजमेंट पर केंद्र का पूरा कंट्रोल हो जाता है।उन्होंने कहा कि कई पंचायतों को जीरो फंड मिलेगा और इससे स्थानीय प्लानिंग और ग्राम निकायों के अधिकार खत्म हो जाएंगे।चौपाल सभा का संचालन कांग्रेस के पूर्व न्यायपंचायत अध्यक्ष विरासत अली द्वारा किया गया। इस मौके पर रियासत अली,ऐंठन,गुड्डू, हसरत अली,जमात अली, मेहंदी, शाकिर अली, जाकिर हुसैन, श्याम सिंह, राजेश, फरजाना, नत्थू ठेकेदार,अमीनुद्दीन,अमीर अहमद, लट्ठु, लाला आदि सहित ग्रामीण मौजूद रहे।





