हमीरपुर।लोक निर्माण विभाग (PWD) के प्रांतीय खंड द्वारा विदोखर से पलरा मार्ग पर कराई गई सड़क मरम्मत का सच महज एक महीने में ही सामने आ गया। दिसंबर 2025 में लगभग 15 लाख रुपये की लागत से स्पेशल रिपेयर योजना के अंतर्गत बनाई गई सड़क पर जगह-जगह घास उग आई है, जिससे निर्माण गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण के दौरान मानकों का सही तरीके से पालन नहीं किया गया। न तो सड़क की सतह की उचित तैयारी की गई और न ही डामर की परत टिकाऊ तरीके से डाली गई। परिणामस्वरूप एक महीने के भीतर ही सड़क की ऊपरी परत उखड़ने लगी और कई स्थानों पर हरी घास दिखाई देने लगी है।
ग्रामीणों का आरोप है कि लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद सड़क की हालत देखकर यही प्रतीत होता है कि कार्य में लापरवाही बरती गई है। स्पेशल रिपेयर योजना का उद्देश्य सड़कों को टिकाऊ बनाना है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे उलट नजर आ रही है।
इस संबंध में जब सहायक अभियंता ए.के. सिंह से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उन्होंने स्वयं सड़क का निरीक्षण किया है। उनके अनुसार कुछ स्थानों पर जीरा (एग्रीगेट) उखड़ गया है, लेकिन मौसम के कारण सड़क की सतह पूरी तरह से सेट नहीं हो पाई। उन्होंने कहा कि निर्माण में किसी प्रकार की मानक कमी नहीं है और मौसम साफ होते ही सड़क को तत्काल सही करा दिया जाएगा।
इसके बावजूद आमजन के बीच यह सवाल बना हुआ है कि स्पेशल रिपेयर के तहत बनी सड़क एक महीने भी क्यों नहीं टिक पाई। अब देखना यह है कि जिला अधिकारी घनश्याम मीणा इस मामले में जांच कर जिम्मेदारों पर कब और क्या कार्रवाई करते हैं।





