पात्र महिला के पहले दो जीवित बच्चों को प्रदान किया जाना है, आर्थिक सहायता
सिद्धार्थनगर। भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना (PMMVY)
संचालित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना का महत्वपूर्ण लक्ष्य गर्भवती महिलाओं एवं धात्री माताओं के स्वस्थ्य एवं पोषण व्यवहार में सुधार तथा गर्भावस्था के दौरान व प्रसव के उपरान्त वित्तीय सहायता प्रदान करना है।
प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना के अन्तगर्त पात्र महिला को पहले दो जीवित बच्चों को आर्थिक सहायता प्रदान किया जाना है। 4 अप्रैल दिन शनिवार को ग्राम स्वास्थ्य स्वच्छता एवं पोषण (VHSND) दिवस का आयोजन प्रत्येक ए.एन.एम. केन्द्र एवं अन्य चिन्हांकित स्थलों पर आयोजित किया जायेगा। प्रत्येक आंगनबाड़ी कार्यकत्री / सहायिका आशा एवं ए.एन.एम. आपसी समन्वय स्थापित करते हुए पात्र लाभार्थियों का अधिक से अधिक आवेदन तैयार कर पंजीकरण करायें।
उक्त जानकारी प्रभारी जिला कार्यक्रम अधिकारी मनोज कुमार शुक्ल ने देते हुए जनपद के सम्मानित जनता एवं ग्राम प्रतिनिधि से अपील किया है, कि वह भी सरकार की योजना का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार करते हुए पात्र लाभार्थियों का आवेदन कराने का कष्ट करें। प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना अन्तगर्त प्रथम बच्चे के जन्म पर (बालक या बालिका) कुल धनराशि दो किश्तो में प्रथम किश्त 3000 रू0 तथा द्वितीय किश्त 2000 रू0 प्रदान किया जाता है। इसी प्रकार दूसरे बच्चे के जन्म (केवल बालिका) होने पर एक मुश्त 6000 रू0 की धनराशि प्रदान किया जाता है।
पात्रता के 10 मानक एवं आवश्यक दस्तावेज
जाति प्रमाण-पत्र, दिव्यांग जन प्रमाण-पत्र, बी०पी०एल० राशन कार्ड की प्रति ‘आयुषमान भारत योजना” कार्ड की प्रति, ई- श्रम कार्ड की प्रति, किसान सम्मान निधि की प्रति, मनरेगा जॉब कार्ड की प्रति, पारिवारिक आय प्रमाण-पत्र, गर्भवती धात्री आंगनबाडी कार्यकत्री / सहायिका एवं आशा, केन्द्र सरकार द्वारा निर्धारित की गयी कोई अन्य श्रेणी का कोई एक दस्तावेज एवं मातृ एवं बाल सुरक्षा कार्ड तथा आधर कार्ड के साथ आवेदन करते हुए योजना का लाभ अधिक से अधिक उठायें।





