लखनऊ: राजधानी लखनऊ के पारा इलाके में अवैध डेयरियों के खिलाफ नगर निगम और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के दौरान जमकर हंगामा हुआ। आरोप है कि कार्रवाई का विरोध कर रहे लोगों ने टीम पर पथराव किया और बुद्धेश्वर चौकी प्रभारी दरोगा विनय पटेल को घेरकर पीटा। उन पर लोहे की जंजीर से हमला करने का भी आरोप है। घटना में दरोगा समेत नगर निगम के तीन कर्मचारी घायल हुए।
पुलिस के मुताबिक, मामले में 12 नामजद और 12 अज्ञात लोगों समेत कुल 24 आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने दो महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है और अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
हमले में दरोगा के सिर में चोट आई और उन्हें छह टांके लगे। वहीं, नगर निगम के तीन कर्मचारी भी घायल हुए। हमले के दौरान निगम के तीन सरकारी वाहनों के शीशे टूटने की भी जानकारी सामने आई है।
भारी पुलिस बल के साथ फिर पहुंची टीम
घटना के बाद मंगलवार को नगर निगम की टीम तीन थानों की पुलिस और एक कंपनी पीएसी के साथ इलाके में पहुंची। सुरक्षा के लिए जवान हेलमेट और बुलेटप्रूफ जैकेट में तैनात रहे। अभियान के दौरान चार मोहल्लों से करीब 200 भैंसें पकड़कर हटाई गईं।
मौके पर पहुंचीं लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल ने पुलिस और नगर निगम की टीम पर हमले को गंभीर मामला बताया। उन्होंने कहा कि सरकारी काम में बाधा और टीम पर हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। महापौर ने अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान जारी रखने की बात कही।
अवैध डेयरियों पर कार्रवाई जारी
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, इलाके में अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। प्रशासन का कहना है कि सरकारी टीम पर हमला करने और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





