निजी अस्पतालों का लेना पड़ रहा सहारा
पनियरा (महराजगंज)। विकासखंड पनियरा के राजकीय पशु चिकित्सालय, जंगल बड़हरा में चिकित्सकों की समय पर उपस्थिति न होने की शिकायतों को लेकर ग्रामीणों और पशुपालकों में नाराजगी है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि अस्पताल में डॉक्टर अक्सर निर्धारित समय पर नहीं पहुंचते, जिससे इलाज के लिए आने वाले पशुओं और उनके मालिकों को घंटों इंतजार करना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि डॉक्टरों की अनुपस्थिति के कारण कई बार बीमार पशुओं का समय पर उपचार नहीं हो पाता। ऐसी स्थिति में मजबूर होकर उन्हें निजी पशु चिकित्सालयों का सहारा लेना पड़ता है, जहां इलाज पर अधिक खर्च करना पड़ता है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर किसानों और पशुपालकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। एवं पशुपालन विभाग से अस्पताल की कार्यप्रणाली की जांच कराने तथा चिकित्सकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने की मांग की है।
उनका कहना है कि अस्पताल में समय से डॉक्टर उपलब्ध रहने पर पशुपालकों को बेहतर उपचार मिलेगा और उन्हें निजी अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा। इस संबंध में मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एजाज अहमद ने बताया कि स्टाफ की कमी के कारण सभी केंद्रों पर नियमित रूप से डॉक्टरों की उपलब्धता सुनिश्चित करने में कठिनाई हो रही है। उन्होंने कहा कि उपलब्ध संसाधनों के अनुसार व्यवस्था संचालित की जा रही है।





