टांडा अम्बेडकरनगर।दावते इस्लामी इंडिया ने वर्ष 2026 में हज यात्रा पर जाने वाले हज यात्रियों का प्रशिक्षण इज्तेमा आयोजित किया। जिस में इस साल हज पर जाने वालों की यात्रियों को विधिवत प्रशिक्षित किया गया। ये हज ट्रेनिंग दावते इस्लामी के मदरसे जामियातुल मदीना फ़ैज़ाने हाफ़िज़ ए मिल्लत नई आबादी तलवापार गौसिया मस्जिद के पास हुई । मक्का-मदीना शरीफ़ में इबादत, जियारत व ठहरने का तरीका बताया गया। हज के अहम अरकान व फज़ीलत पर रौशनी डाली गई।
हज ट्रेनर टांडा के निगरान हाजी मुज़फ़्फ़र सफी अत्तारी और अयोध्या जी एन आर एफ के डिविजन मैनेजर हाजी डॉक्टर शराफत तौहीद अत्तारी , ने हज यात्रियों को घर से रवाना होने से लेकर लौटकर आने तक के मसलों और उनके समाधान के बारे में जानकारी दी। हज की नियत करने का तरीका बताया।
साथ ही हज पर ले जाने वाले सामानों की लिस्ट व तैयारी, तल्बिया यानी ‘लब्बैक अल्लाहुम्मा लब्बैक’ का अभ्यास कराया। और बताया गया कि हज बेहद अहम इबादत है। पैग़ंबरे इस्लाम हज़रत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने फरमाया कि मकबूल हज करने वाला ऐसा होता है मानो आज ही मां के पेट से पैदा हुआ हो। उसके सभी गुनाह माफ़ हो जाते हैं।
आज रविवार को ट्रेनिंग की शुरुआत सुबह 10 बजे से कुरआन-ए-पाक की तिलावत से हुई। अंत में दरूद ओ सलाम पढ़कर हाजियों को खाना भी खिलाया गया और किताब ऱफ़िकुल हरमैंन तकसीम की गई। हज पर जाने वाली महिलाओं का प्रशिक्षण मदरसे के बेसमेंट में इस्लामी बहनों औरतों द्वारा अलग से पूरे पर्दे के इंतजाम के साथ दी गई। हाजियों ने अपने तस्सुरआत भी दिए और बताया कि काफी अच्छे अंदाज़ में हज और मदीने की हाज़िरी के बारे में बताया गया और दावते इस्लामी इंडिया की तारीफ भी की ।





