बांसी सिद्धार्थनगर। विकास खंड बांसी के अंतर्गत पीएमश्री कम्पोजिट उच्च प्राथमिक विद्यालय अशोकनगर में इन दिनों सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘मिड-डे मील’ गैस सिलेंडर के अभाव में लकड़ी के चूल्हे पर पकाया जा रहा है। सोमवार को विद्यालय में बच्चों को लकड़ी के चूल्हे पर बना भोजन परोसा गया।
धुएं से रसोइयों की सेहत पर संकट विद्यालय की रसोइया इंद्रावती, रामप्यारी, अनीता और सुनीता ने अपनी व्यथा बताते हुए कहा कि गैस उपलब्ध न होने के कारण वे लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाने को मजबूर हैं।
उन्होंने बताया कि चूल्हे से निकलने वाला घना धुआं उनकी आंखों में लगता है, जिससे उन्हें काफी जलन और शारीरिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रसोइयों का कहना है कि गैस सिलेंडर न मिलने से दैनिक कार्यों में भारी समस्या उत्पन्न हो रही है।
धुएं के बीच भोजन करने को मजबूर बच्चे सोमवार को विद्यालय के बच्चों को रोटी-सब्जी परोसी गई, जो लकड़ी के चूल्हे पर तैयार की गई थी। जहाँ एक ओर सरकार ‘धुआं मुक्त रसोई’ और ‘उज्ज्वला योजना’ जैसे अभियानों पर जोर दे रही है, वहीं पीएमश्री जैसे मॉडल स्कूल में लकड़ी के चूल्हे का प्रयोग व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है।
धुएं के वातावरण में भोजन बनने और करने से बच्चों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका बनी हुई है। इस संबंध में विद्यालय प्रशासन और संबंधित विभाग से जल्द समाधान की अपेक्षा की जा रही है ताकि रसोइयों और बच्चों को इस विकट समस्या से निजात मिल सके।





