जलालपुर (अंबेडकरनगर) जलालपुर कोतवाली क्षेत्र के फखरपुर गांव निवासी नवविवाहिता प्रसूता की प्रसव के दौरान कथित चिकित्सीय लापरवाही के चलते मौत हो जाने का मामला सामने आया है। मृतका के पति ने महिला अस्पताल के डॉक्टर व नर्सिंग स्टाफ पर गंभीर आरोप लगाते हुए कोतवाली में शिकायती पत्र देकर मुकदमा दर्ज किए जाने की मांग की है।
फखरपुर निवासी प्रवेश कुमार ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि उनकी पत्नी पूजा देवी को 5 फरवरी को प्रसव पीड़ा होने पर दोपहर करीब 1:30 बजे उनके पिता साधु सरन कनौजिया सरकारी महिला अस्पताल जलालपुर लेकर गए थे। जहां ड्यूटी पर तैनात महिला डॉक्टर व नर्सिंग स्टाफ ने भर्ती कर लिया। करीब 2:49 बजे पूजा देवी ने सामान्य रूप से एक बच्चे को जन्म दिया।
आरोप है कि प्रसव के बाद पूजा देवी को अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा, लेकिन समय रहते उचित इलाज नहीं किया गया। परिजनों का कहना है कि हालत बिगड़ने के बावजूद महिला को उसी अवस्था में छोड़ दिया गया और गलत उपचार किया गया। उस समय प्रसव कक्ष में मृतका की चचेरी सास चंद्रकला एवं ग्राम सभा की आशा बहू भी मौजूद थीं। उन्होंने बताया कि प्रसव कक्ष में इलाज के लिए आवश्यक उपकरण, ऑक्सीजन और यहां तक कि ग्लूकोज की बोतल तक उपलब्ध नहीं थी।
परिजनों का आरोप है कि तबीयत गंभीर होने पर अस्पताल कर्मियों ने बाहर से दवा लाने को कहा और यह भी कह दिया कि यहां इलाज संभव नहीं है। इसके बाद किसी तरह एंबुलेंस की व्यवस्था कर महिला को जिला अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही पूजा देवी की मौत हो गई। जिला अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
मृतका के पति प्रवेश कुमार ने बताया कि वह अयोध्या जनपद के रौनाही टोल प्लाजा पर कार्यरत हैं। घटना की सूचना मिलते ही वह तत्काल घर पहुंचे और जलालपुर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराते हुए जिम्मेदार अस्पताल कर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की। मृतका की शादी वर्ष 2025 में हुई थी और यह उसका पहला प्रसव था। परिजनों द्वारा शुक्रवार दोपहर मृतका का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
इस संबंध में जलालपुर कोतवाल अजय प्रताप ने बताया कि शिकायत प्राप्त हुई है, मामले की जांच कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी। वहीं महिला चिकित्सक डॉ. रमा वर्मा ने आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि महिला का प्रसव सामान्य रूप से हुआ था, लेकिन अचानक तबीयत बिगड़ने पर उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया। उनके द्वारा किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती गई है।





