मद्रास हाई कोर्ट ने थलापति विजय की आखिरी फिल्म ‘जना नायकन’ का सेंसर सर्टिफिकेट रद कर दिया है। चीफ जस्टिस एम एम श्रीवास्तव और जस्टिस जी अरुल मुरुगन की बेंच ने सिंगल जज जस्टिस पी टी आशा के फैसले को पलट दिया।
मद्रास हाई कोर्ट ने आज मंगलवार, 27 जनवरी को मोस्ट पॉपुलर एक्टर थलापति विजय की फिल्म ‘जना नायकन’ को मिले सेंसर सर्टिफिकेट को रद कर दिया है।
चीफ जस्टिस एम एम श्रीवास्तव और जस्टिस जी अरुल मुरुगन की फर्स्ट बेंच ने इस मामले में फैसला सुनाया है। इस बेंच ने सिंगल जज जस्टिस पी टी आशा के फैसले को रद कर दिया है।
‘जना नायकन’ को नहीं मिला सेंसर सर्टिफिकेट
जस्टिस आशा ने 9 जनवरी को फिल्म ‘जय नायकन’ के प्रोड्यूसर KVN प्रोडक्शंस LLP की दायर याचिका को स्वीकार कर लिया था और CBFC को तुरंत सेंसर सर्टिफिकेट जारी करने का निर्देश दिया था।
मद्रास हाई कोर्ट ने जस्टिस आशा को फैसले को बदलते हुए कहा, ‘जस्टिस पी टी आशा को सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) को काउंटर एफिडेविट दाखिल करने के लिए समय देना चाहिए था।’
हाई कोर्ट ने ‘जना नायकन’ के प्रोड्यूसर को मामले के जल्द निपटारे के लिए सिंगल जज से संपर्क करने की इजाजत दी है। कोर्ट ने यह भी कहा कि सिंगल जज यह तय करने के लिए स्वतंत्र हैं कि मामले को रिव्यू कमेटी के पास भेजने का फैसला सही है या नहीं।
कब रिलीज होगी विजय की आखिरी फिल्म?
विजय की फिल्म जन नायकन को इस महीने की शुरुआत में पोंगल पर रिलीज किया जाना था, लेकिन अब सेंसर सर्टिफिकेट के रद होने के बाद रिलीज और आगे बढ़ती जा रही है।
सुपरस्टार विजय की ये आखिरी फिल्म हो सकती है। इसके बाद वे पूरी तरह राजनीति में सक्रिय हो सकते हैं।





