इटावा। उ०प्र०राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण,लखनऊ के तत्वाधान में माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रजत सिंह जैन की अध्यक्षता एवं दिशा-निर्देशन में अपर जिला जज प्रथम अखिलेश कुमार व स्पेशल जज(एस०सी०/एस०टी० एक्ट)/नोडल अधिकारी लोक अदालत संजय कुमार चतुर्थ एवं अपर जिला जज /सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रूपेन्द्र सिंह टोंगर तथा जनपद के समस्त अधिकारीगण के सतत् प्रयास से जनपद न्यायालय व समस्त राजस्व न्यायालयों एवं समस्त प्रशासनिक विभागों के सहयोग से शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया।उक्त राष्ट्रीय लोक अदालत में आर्बिट्रेशन वादों सहित सकल रूप से 1,08,394 वादों का निस्तारण किया गया जिसमें जनपद न्यायाधीश रजत सिंह जैन द्वारा 02.अपर जनपद न्यायाधीश प्रथम अखिलेश कुमार द्वारा 02,विशेष न्यायाधीश(एस०सी०/एस०टी०)संजय कुमार चतुर्थ द्वारा 05, विशेष न्यायाधीश(द०प्र०क्षे०)आलोक कुमार श्रीवास्तव 03.विशेष न्यायाधीश (ई०सी०एक्ट)अंकुर शर्मा द्वारा 377, विशेष न्यायाधीश श्रीमती राखी चौहान द्वारा 08 वादों का निस्तारण किया गया।
प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय अजय कृष्ण व अतिरिक्त न्यायाधीश, परिवार न्यायालय सुबोध वाष्र्णेय द्वारा कुल 32 वैवाहिक प्रकरणों का निस्तारण किया गया।कुल 08 जोडो की एक साथ विदाई करायी गयी।पीठासीन अधिकारी एम०ए०सी०टी०रामचन्द्र यादव प्रथम द्वारा 90 वादों,पीठासीन अधिकारी, उपभोक्ता न्यायालय श्री गुलाब सिंह द्वारा कुल 14 वाद व अध्यक्ष स्थाई लोक अदालत देवेन्द्र सिंह द्वारा 01 वाद का निस्तारण किया गया।मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अश्वनी कुमार -1 व अन्य फौजदारी न्यायालयों द्वारा कुल 2401 शमनीय आपराधिक वादों का निस्तारण किया गया।अपर जनपद न्यायाधीश/ सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रूपेन्द्र सिंह टोंगर ने यह भी बताया कि न्यायिक अधिकारीगण के अतिरिक्त विभिन्न विभागों व बैंको से सम्बन्धित प्री लिटिगेशन के 1,01,475 वाद निस्तारित किए गए जिनमे 28,73,39,365/- रू० वसूल किए गए।प्री-लिटिगेशन तथा लम्बित वादों का निस्तारण करते हुए सकल रूप से 34,07,65,393/-रू० वसूल किए गए।इस लोक अदालत में विभिन्न दूर-सुदूर क्षेत्रों से आए हुए लोगों को बैंकों के ऋण के भुगतान के संबंध में अच्छी छूट दी गई।राष्ट्रीय लोक अदालत में न्यायिक अधिकारीगण,प्रशासनिक अधिकारीगण,अधिवक्तागण सहित काफी संख्या में वादकारीगण उपस्थित रहे।





