300 बोरी का हुआ वितरण, खाली हाथ लौटे किसान
पर्याप्त मात्रा में किसानों को नहीं मिल रही डीएपी खाद, किसान परेशान
रबी की मुख्य फसल गेहूं की बुवाई के लिए किसानों इन दिनों डीएपी खाद की भारी किल्लत का सामना कर रहे हैं। संग्रामपुर और अमेठी स्थित इफको केंद्र पर 300 बोरी डीएपी खाद के वितरण के दौरान लगभग 1000 किसानों की भीड़ उमड़ पड़ी, जिसमें से अधिकांश किसान खाली हाथ लौट गए।
सीमित मात्रा में खाद उपलब्ध होने के कारण किसानों में भारी नाराजगी देखी गई, जिससे केंद्र पर स्थिति तनावपूर्ण हो गई। कुछ किसानों को एक या दो बोरी खाद ही मिल पाई, जबकि सैकड़ों किसान घंटों लाइन में लगने के बाद भी निराश होकर वापस चले गए।
हालात बिगड़ते देख संग्रामपुर थाने से एक उपनिरीक्षक और दो सिपाही मौके पर पहुंचे, जिनकी मौजूदगी में कुछ देर बाद माहौल शांत हुआ, लेकिन किसानों और केंद्र कर्मचारियों के बीच तनातनी बनी रही। किसानों का कहना है कि केंद्रों पर पर्याप्त मात्रा में खाद नहीं पहुंच रही है, जिससे उनकी जरूरतें पूरी नहीं हो पा रही हैं। उन्होंने प्रशासन से तत्काल पर्याप्त डीएपी उपलब्ध कराने की मांग की है।
केंद्र प्रभारी चमनलाल वर्मा ने बताया कि 300 बोरी डीएपी की नई खेप जल्द आने की संभावना है। खेप मिलते ही खाद का वितरण फिर से शुरू कर दिया जाएगा।
कई किसानों ने बताया कि वे सुबह से लाइन में लगे हैं, लेकिन उन्हें दो बोरी खाद भी नहीं मिल पा रही है। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि बुवाई के समय खाद न मिलने से उनकी फसलें प्रभावित होंगी और अधिकारियों के आश्वासन के बावजूद व्यवस्था में सुधार नहीं हो रहा है।
जिला कृषि अधिकारी डॉ. राजेश यादव ने बताया जिले के लिए 1300 मीट्रिक टन डीएपी का रैक पहुंच चुका है। इसमें से 800 मीट्रिक टन खाद रायबरेली जनपद को भेजी जा रही है, जबकि शेष खाद अमेठी के विभिन्न केंद्रों और समितियों में ट्रकों के माध्यम से भेजी जा रही है।





