HomeMarqueeसहनशीलता को कमजोरी समझने की भूल न करे कोई: NSA डोभाल का...

सहनशीलता को कमजोरी समझने की भूल न करे कोई: NSA डोभाल का कड़ा संदेश

नई दिल्ली। ऑपरेशन सिंदूर के बाद राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल ने भारत की सुरक्षा नीति और आतंकवाद के खिलाफ देश के रुख को लेकर कड़ा संदेश दिया है। डोभाल ने स्पष्ट किया कि भारत शांति और संयम में विश्वास रखता है, लेकिन उसकी सहनशीलता को कमजोरी समझना बड़ी भूल होगी।

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी ढांचे से जुड़े नौ ठिकानों को निशाना बनाया था। भारतीय अधिकारियों ने इस कार्रवाई को लक्षित, मापी हुई और गैर-उत्तेजक प्रतिक्रिया बताया था। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया था कि भारत तनाव बढ़ाना नहीं चाहता, लेकिन किसी भी आगे की कार्रवाई का दृढ़ता से जवाब देने के लिए तैयार है।

आतंकवाद के खिलाफ बदला भारत का रुख

22 अप्रैल 2025 के पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने अपनी सुरक्षा नीति में कड़ा रुख दिखाया। 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर के तहत की गई कार्रवाई ने यह संदेश दिया कि भारत आतंकवादी हमलों का जवाब अपनी शर्तों और अपनी रणनीति के मुताबिक देने की क्षमता रखता है।

डोभाल ने बाद में ऑपरेशन की सटीकता पर भी जोर दिया। उन्होंने बताया कि भारत ने नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया और कार्रवाई बेहद कम समय में पूरी की गई।

दुनिया को भी दिया स्पष्ट संदेश

ऑपरेशन के बाद डोभाल ने अमेरिका, ब्रिटेन, सऊदी अरब, यूएई और जापान समेत कई देशों के अपने समकक्षों से संपर्क कर भारत की कार्रवाई की जानकारी दी थी। भारतीय पक्ष ने यह स्पष्ट किया था कि कार्रवाई का उद्देश्य आतंकवाद को रोकना था, न कि संघर्ष को अनावश्यक रूप से बढ़ाना।

भारत का संदेश साफ है—देश शांति चाहता है, लेकिन आतंकवाद के खिलाफ अपनी सुरक्षा और संप्रभुता से समझौता नहीं करेगा। ऑपरेशन सिंदूर को इसी बदले हुए सुरक्षा दृष्टिकोण के एक अहम उदाहरण के तौर पर देखा जा रहा है।

 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img

Most Popular