गोंडा। जिलाधिकारी के निर्देश पर जनपद में स्थित मंगलम भारत गैस प्रतिष्ठान, आवास विकास कॉलोनी के विरुद्ध प्राप्त उपभोक्ता शिकायतों की जांच कराई गई, जिसमें गंभीर अनियमितताएं सामने आने के बाद प्रशासन ने दंडात्मक कार्रवाई शुरू कर दी है।
जांच आख्या के अनुसार जिला पूर्ति विभाग द्वारा एजेंसी का भौतिक स्टॉक सत्यापन तथा उपभोक्ता सर्वे कराया गया। जांच में प्रतिष्ठान के अभिलेखों और वास्तविक स्टॉक में अंतर पाया गया। इसके साथ ही कुछ एलपीजी सिलेंडरों के डायवर्जन से जुड़े तथ्य भी सामने आए हैं।
उपभोक्ता सर्वेक्षण के दौरान गैस वितरण व्यवस्था एवं रिकॉर्ड संधारण में भी कई अनियमितताएं पाई गईं। जांच रिपोर्ट में इन कमियों को मार्केट डिसिप्लिन गाइडलाइंस (एमडीजी) के तहत गंभीर श्रेणी में रखा गया है। जिलाधिकारी के निर्देश पर उपलब्ध साक्ष्यों और जांच रिपोर्ट के आधार पर एजेंसी के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार स्टॉक मिसमैच और सिलेंडर डायवर्जन के मामले में लगभग ₹3 लाख की आर्थिक दंडात्मक राशि लगाए जाने का प्रस्ताव किया गया है। इसके अतिरिक्त संबंधित गैस वितरक को भविष्य में ऐसी अनियमितताओं की पुनरावृत्ति न करने के लिए कड़ी चेतावनी भी जारी की गई है। प्रशासन ने एजेंसी की कार्यप्रणाली पर सतत निगरानी बनाए रखने की बात कही है।





