अम्बेडकरनगर जिले के भीटी विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत जैतपुर खास स्थित गौशाला में गोवंश के साथ अमानवीय व्यवहार और मृत गोवंश के उचित निस्तारण में लापरवाही के गंभीर आरोपों के बाद जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने कड़ा रुख अपनाया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो और समाचारों के आधार पर शुरू हुई जांच में खामियां सामने आने पर ग्राम प्रधान की प्रशासनिक एवं वित्तीय शक्तियों पर तत्काल रोक लगा दी गई है।जिलाधिकारी के निर्देश पर 29 जनवरी 2026 को सोशल मीडिया पर प्रसारित सामग्री के संदर्भ में जिला विकास अधिकारी एवं मुख्य पशु चिकित्साधिकारी द्वारा संयुक्त जांच कराई गई थी।
जांच रिपोर्ट में गौशाला में मृत गोवंश के निपटान में लापरवाही तथा संबंधित सरकारी निर्देशों के पालन में कमी पाई गई। ग्राम प्रधान द्वारा प्रस्तुत स्पष्टीकरण की जांच के बाद जिलाधिकारी ने उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 की धारा 95(1)(छ) के तहत मामले की अंतिम जांच कराने के आदेश दिए हैं।प्रकरण की अंतिम जांच पूरी होने तक ग्राम प्रधान की सभी प्रशासनिक और वित्तीय शक्तियां निलंबित कर दी गई हैं।
जांच अधिकारी के रूप में जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, अम्बेडकरनगर को नामित किया गया है।यह कार्रवाई जिले में गौ-संरक्षण और पशु कल्याण से जुड़े मामलों में प्रशासन की सख्ती का संकेत देती है। स्थानीय ग्रामीणों और पशु प्रेमियों ने इस फैसले का स्वागत किया है, जबकि जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई पर सबकी नजर टिकी हुई है।जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने स्पष्ट किया कि गौशालाओं में गोवंश की उचित देखभाल सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन प्रतिबद्ध है और किसी भी लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।





