महोबा। बुंदेलखंड राज्य आंदोलन के जनक शंकर लाल मेहरोत्रा की 24वीं पुन्य तिथि पर शनिवार को आल्हा चौक के आंबेडकर पार्क में आयोजित सम्मान समारोह कार्यक्रम में बांदा के पद्मश्री उमाशंकर पांडेय, दिल्ली के राजन धमेरिया, हमीरपुर के विनय तिवारी व महोबा के यज्ञेश गुप्ता को सम्मानित किया गया। इस मौके पर लोकसभा में नौ बार बुंदेलखंड राज्य का मुद्दा उठाने वाले पूर्व सांसद पुष्पेन्द्र सिंह चंदेल ने कहा कि उन्होंने सिर्फ संसद में नहीं, पार्टी के हर फोरम में राज्य निर्माण का मुद्दा उठाया। ये बात अलग है कि अभी तक हम सफल नहीं हो पाए।
पद्मश्री उमाशंकर पांडेय ने कहा कि ऐसी क्या बात है जिसकी वजह से बुंदेलखंड राज्य की 36 साल पुरानी मांग अभी तक पूरी नहीं हो पाई। बुंदेलखंड के साथ आजादी के बाद सबसे ज्यादा अन्याय हुआ है और अभी भी हो रहा है। दिल्ली के राजन धमेरिया ने कहा कि दिल्ली में हम बुंदेलों की संख्या बिहार, पंजाब के लोगों से कम नहीं है लेकिन आपसी संवादहीनता की वजह से हमारे विधायक, सांसद नहीं बन पाते। अब हम दिल्ली में विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से बुंदेलों को लगातार जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं, जिससे बुंदेलखंड अलग राज्य निर्माण की अलख जगाई जा सके।
कार्यक्रम का संचालन कर रहे बुंदेली समाज के संयोजक तारा पाटकर ने कहा कि बुंदेलखंड अलग राज्य निर्माण के लिए बुंदेलो ने कई बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खून से खत लिखे, लेकिन आज तक अलग राज्य बनाने पर कोइघर्् ध्यान नहीं दिया गया। कहा कि तेज धूप और कड़ाके की ठंड के बीच वह अलग राज्य बनाने के लिए नंगे पैर आज भी चल रहे हैं। इस मौके पर महामंत्री अजय बरसैंया, खरेला चेयरमैन संतोष सिंह, गया प्रसाद, हरीओम निषाद, अमरचंद विश्वकर्मा, मनीष जैदका, रोहित मिश्र, दिलीप जैन, भागीरथ नगायच, महेन्द्र चौरसिया, डा. देवेन्द्र, अन्नू पुरवार समेत तमाम लोग मौजूद रहे।





