ग्रामीणो ने लगाया आरोप नही रहती है अध्यापिका बच्चों के भविष्य से खिलवाड़
लोटन सिद्धार्थनगर। बीआर सी लोटन क्षेत्र अन्तर्गत ग्राम पंचायत रसियावल कला टोला करमैनी प्रथामिक विद्यालय पर तैनात शिक्षिकाओं की अनुपस्थिति का मामला समाने आया है।ग्रामीणों मे काफी चर्चा का विषय बना हुआ है।रसियालकला के तमाम ग्रामीणो ने बताया कि काफी दिनों से विद्यालय पर दोनों अध्यापिकाओं के न आने से बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है ग्रामीणो ने आरोप लगाया है।
ग्रामीणों के अनुसार शिक्षामित्र अशोक कुमार दूबे ही स्कूल पर बच्चों को पढ़ाने के लिए मौजूद रहते है अध्यापिका रितू सिंह व मोरिश रानी विघालय पर बराबर नही रहती है जब कि सरकार चाह रही है की हर घर के बच्चे शिक्षित हो कोई निरक्षर न रहे ।जब शिक्षक ही स्कूल पर मौजूद नही रहेंगे तो बच्चे कैसे शिक्षित होंगे उन लोगों के खिलाफ विभाग द्वारा कोई कार्यवाही भी नही किया जा रहा है।
जब कि शिक्षा ग्रहण कर रहे बच्चों ने बताया कि अध्यापिका कफी कफी आती है । इन लोगों के लापरवाही से 67 बच्चों का नामांक होने के बाद 12 अगस्त को सिर्फ 18 बच्चे मौके पर उपस्थित मिले जिससे लगता है कि फर्जी रुप से नामांकन किया गया है। शिक्षा मित्र अशोक कुमार दूबे से पूछा गया तो उन्होंने बताया दोनों अध्यापिकाओं को एक ही समय कैस छुट्टी मिल जाती है तो उन्होंने बताया कि घर का मालिक सही रहे तो कोई गड़बड़ी नहीं हो सकती है। इससे स्पष्ट हो जाता है कि सम्बंधित अधिकारियों के ही मिलीभगत से कभी सीएल लेकर गायब रहती है तो कभी मेडिकल के नाम पर अवकाश पर रहती है।
एक साथ दोनों लोगों को छुट्टी देना विभागीय लापरवाही दर्शाता है।बारह बजे तक बच्चों की उपस्थिति न भरना एम डी एम में भी घपला करने का संकेत दर्शाता है ।ऐसे स्थित में विद्यालय पर सरकार द्वारा पैसा खर्च करने के बाद विद्यालय का रवैया ठीक नहीं है।काफी अभिवावकों सहित तमाम लोगों ने जिलाधिकारी महोदय से जांच करवा कर उक्त अधिपिकाओ के खिलाफ कार्यवाही कराने की मांग की है।खंड शिक्षा अधिकारी सन्तोष कुमार शुक्ला ने कहां कि अनुपस्थिति शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा जायेगा। शिक्षकों की अनुपस्थिति विघार्थियों की पढ़ाई प्रभावित करती है विघालय पर नियमित और अनुशासित माहौल बनाए रखने के लिए सभी शिक्षकों की उपस्थिति जरुरी है। शिकायत मिली है तो जांच कर कार्रवाई की जायेगी।