अभी के समय में स्मार्टफोन सभी के जिंदगी का अहम हिस्सा बन गया है। इस तकनीकी युग में स्मार्टफोन के जरिये लोग दूर बैंठे किसी से भी बात कर सकते हैं, वीडियो कॉल कर सकते है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि स्मार्टफोन में रखे एक छोटे सिम के जरिये कैसे आप बात करते हैं? ये सिम किस तरह काम करता है? तो आइए जानते हैं|
ऐसे करता है काम –
आपने ध्यान दिया होगा मोबाइल में सिम लगाने के कुछ देर बाद आपके फोन में सिग्नल जिसे नेटवर्क कहते है, दिखाई देने लगता है। फोन में नेटवर्क आने के बाद ही हम बात कर सकते हैं। इसके साथ ही हम बता दें कि फोन में सिम लगाने के बाद वह सिम उस कंपनी के नजदीकी टावर से कनेक्ट करता है। फोन में सिग्नल आने के बाद ही आप किसी फोन में कॉल कर सकते हैं। इसका मतलब यह है कि फोन में जब सिग्नल फुल होता है तब हमें पता चलता है कि सिम का कनेक्शन टावर से पूरी तरह जुड़ गया है।
सैटेलाइट से होता है जुड़ा –
दरअसल, यह टावर सैटेलाइट से जुड़े होते हैं जिससे हम बात कर पाते हैं। आपको ध्यान होगा कि कभी-कभी सामने वाले का फोन ना लगने पर उनका फोन कवरेज एरिया के बाहर बताया जाता है। इसका मतलब यह है कि वह व्यक्ति किसी भी फोन टावर के नजदीक नहीं है। जिसके कारण आपकी कॉल उन तक नहीं पहुंच पाती।
आपको बता दें कि यूजर्स फोन पर जो बातें करते हैं उसका पैसा कंपनियां लेती है। इसके साथ ही कंपनी उसके बदले हमारे फोन में कुछ बैलेंस देती है। दरअसल यह एक स्कीम होती है जिसके तहत जब हम अपने फोन में रिचार्ज करते हैं तो हमारे फोन में कुछ बैलेंस डाल दिया जाता है जिससे हमारी कॉल कनेक्ट हो जाती है। इसके बाद ही हम कॉल कर पाते है। जब हमारे फोन में बैलेंस नहीं होता तो कंपनी कॉल कनेक्ट नहीं करती।