मॉकड्रिल कर आपदा से निपटने के लिए बताये गए गुर

नारायणी नदी में एनडीआरएफ व जिला आपदा प्रबंध प्राधिकरण द्वारा बाढ़ आपदा पर किया गया संयुक्त मॉक ड्रिल

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मॉकड्रिल कर आपदा से निपटने के लिए बताये गए गुर 

अवधनामा संवाददाता 

कुशीनगर। बाढ़ के दौरान होने वाली अप्रिय घटनाओं को रोकने व बचाव को लेकर राष्ट्रीय व राज्य आपदा मोचन बल ने सोमवार को नारायणी नदी पर पूर्वाभ्यास किया। इस दौरान टीम ने नाटकीय ढंग से बाढ़ के दौरान नाव से लोगों के नदी में गिरने, नालों के उफान से रास्ता बाधित होने पर सेवाएं पहुंचने, नदी में लापता होने पर उसे खोजने का प्रदर्शन किया।

मेगा माक ड्रिल के दौरान एनडीआरएफ व आपदा प्राधिकरण सहित अन्य विभागों को सूचना मिलती है कि नेपाल के ऊपरी क्षेत्र में भारी बारिश के कारण नारायणी नदी व पहाड़ी नालों में उफान आ गया है। यातायात के साधन बंद होने से हाहाकार मचा हुआ है। इस पर एनडीआरएफ के एनडीआरएफ के कमांडेंट मनोज कुमार शर्मा के दिशा निर्देशन में एवं उप कमांडेंट पीएल शर्मा के मार्गदर्शन व निरीक्षक डीपी चंद्रा के नेतृत्व में अत्याधुनिक उपकरणों से लैस टीम घटनास्थल के लिए रवाना होती है।

पुलिस प्रशासन ने एक ग्रीन कारीडार बनाया, जिससे टीम व एंबुलेंस सेवा घटनास्थल पर जल्द पहुंच सके। एनडीआरएफ ने घटनास्थल पर पहुंचते ही अविलंब आपरेशन शुरू कर दिया। बाढ़ से जलमग्न गांव महादेवा में भूखे-प्यासे बच्चों व महिलाओं को सुरक्षित बाहर निकाला। तभी क्षमता से अधिक यात्रियों से भरी नाव से कुछ लोग नारायणी नदी में गिर जाते हैं। सूचना मिलते ही बचावकर्मी अपनी मोटर बोट के साथ डूबते हुए लोगों के पास पहुंचकर बचाते हैं। वहीं घरेलू संसाधन से बनावटी राफ्ट का इस्तमाल करते हुए अपने आपको बाढ़ के दौरान कैसे सुरक्षित रख सकते है, इसका प्रदर्शन भी किया। अभ्यास में एनडीआरएफ ने प्राथमिक उपचार के लिए आपरेशन कक्ष स्थापित किया। इस दौरान अपर जिलाधिकारी, एसडीएम,  एवं एनडीआरएफ के टीम कमांडर डीपी चंद्रा, उपनिरीक्षक विक्रम सिंह, बसंत विश्वकर्मा व अन्य रेस्क्यूर, एवं आपदा सलाहकार रवि राय मौजूद रहे।