योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक हर हाल में पहुंचे

नीति को कार्यान्वित करते समय नियत को ठीक करें - रमापति राम

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योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक हर हाल में पहुंचे 

  अवधनामा संवाददाता

कुशीनगर। केन्द्र व राज्य सरकार के जनकल्याणकारी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुचाना ही हमारा मुख्य उद्देश्य है। इस कार्य को करने के प्रशासन व जनप्रतिनिधियों के आपसी सहयोग जरुरी है। जरुरतमंदों को समय से हम योजनाओं लाभ नही दिला पाते है तो कही न कही लापरवाही हो रही है। 

यह कहना है क्षेत्रीय सांसद विजय दूबे का। श्री दूबे गुरुवार को कलक्ट्रेट सभागार मे आयोजित जिला विकास समन्वय और निगरानी समिति दिशा की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। इस दौरान विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिया गया। सांसद ने कहा कि योजनाओं को संचालित करने में किसी भी प्रकार की दुविधा हो तो  दुविधाओं के बारे में हमें अवगत कराएं। उन्होंने कहा कि जिले के आमजन व असहाय परिवारों को भारत सरकार की महत्वकांक्षी योजना तक पहुंचाने के लिए उन योजनाओं की समीक्षा करने के लिए दिशा की बैठक काफी महत्वपूर्ण है। इस बैठक के माध्यम से हम परोक्ष रूप से दो जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हैं । एक सरकार और दूसरा जनता के प्रति। देवरिया सासंद रमापति राम त्रिपाठी जी ने कहा कि विभिन्न विभागों की ओर संचालित योजनाओं की जनप्रतिनिधियों द्वारा निगरानी की जाए एवं कोई कठिनाई है तो उस पर जांच  की जाए। उन्होंने कहा कि देखेंगे, देख लेंगे,  इन सब बातों से  बचें तथा नीति को कार्यान्वित करते समय नियत को ठीक करें । नियत ठीक रहने का तात्पर्य परिणाम आना चाहिए।  उन्होंने कहा कि किसी भी कार्य योजना को हैंड ओवर करने से पहले मानक को जरूर देख लिया जाए। किसी प्रकार की गड़बड़ी है, गलती है तो सख्त कार्यवाही की जाए जिससे कि लोगो मे एक संदेश जाए। बैठक को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी  एस राजलिंगम ने ने कहा कि सभी अधिकारी समय से कार्य को पूर्ण करें,  लंबित कार्य को शीघ्रता से एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करें। किसी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी।

इन योजनाओं की समीक्षा की गयी

दिशा की बैठक योजनाओं की समीक्षा के दरम्यान संबंधित अधिकारियों को जरुरी निर्देश दिए गये। मनरेगा, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम, दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना, स्वच्छ भारत मिशन, राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, शिक्षा अभियान की समेकित बाल विकास योजना, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, दीनदयाल अंत्योदय योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, भू अभिलेख आधुनिकीकरण कार्यक्रम, डिजिटल इंडिया, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, मृदा स्वास्थ्य कार्ड आदि योजनाओं की  प्रगति की समीक्षा की गई। 

जनप्रतिनिधियों ने दर्ज करायी शिकायत

बैठक में नए बने नगर पालिका व नगर पंचायत में गांव को वार्ड में सम्मिलित नहीं करने, बिजली बिल, जर्जर पोल, तार की शिकायत, विद्युत की अवैध आपूर्ति संबंधित शिकायत, विद्यालय के उपर हाईटेंशन तार, विद्युत कैंप लगाए जाने, सामुदायिक शौचालय को हैंडओवर करने, क्षेत्र पंचायत की फाइल को खंड विकास स्तर से निस्तारित करवाने, सड़क कार्य की प्रगति में तीव्रता लाने, वृद्धावस्था पेंशन, जल जीवन मिशन में कई सालों से लंबित परियोजनाओं की जांच की मांग करते हुए जनप्रतिनिधियों ने निगरानी समिति की बैठक मे तमाम समस्याओं को गंभीरता से से उठाया जिस पर कुछ मुद्दों पर अधिकारियों ने जबाब दिया तो वही कुछ सवाल पर अगल-बगल झाकने लगे।