पुरातत्व के धरोहर (अगोरी किला) को छती पहुंचते बालू पट्टाधारक

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पुरातत्व के धरोहर (अगोरी किला) को छती पहुंचते बालू पट्टाधारक

अवधनामा संवाददाता  

सोनभद्र/चोपन जुगैल थाना अंतर्गत अगोरी किला जिसके किस्से वीर लोरिक , माहर और  मंजरी से जुड़ा हुआ है । सोने जेवरात के चक्कर मे चोर पहले ही किले में कोड़ खोन्द कर छती पहुचाने का कार्य कर चुके हैं।  अब तो हद हो गई पोकलेन मशीन लगा कर किले के नीचे से कचड़े के नामपर बोल्डर निकाल कर बालू साइड में ट्रकों के लीक बनाने में यूज किया जा रहा हैं ।प्रशासन मूक दर्शक बना हुआ। अपना दल एस के जिला महासचिव ने कहा कि यह एक ऐतिहासिक किला हैं जिसको देखने पर्यटक आते हैं । जिस दुःशाहस से पोकलेन लगाकर किले के नीचे खनन हो रहा है।और प्रशासन मूक दर्शक बन सब देख रही हैं यह विचारणीय प्रश्न है। कि ब्यक्तिगत लाभ एव स्वार्थ में बालू पट्टाधारक हमारे धरोहरों को नष्ट करने पर तुले हुए है। इसका पुर जोर विरोध होना चाहिए। पुरातत्व विभाग इसका संज्ञान ले।वही किले के पास आए दिन भयंकर जाम लग रहा है।सड़को पर बालू लोडेड़ ट्रकों के पानी से कीचड़ युक्त सड़क बन गया हैं। सड़क पर पैदल चलने वाले महिला पुरुषों का चलना दुश्वार हो गया हैं। मोटरसाइकिल सवार रोज गिर रहे है।