बटेंगे तो कटेंगे के संकल्प के साथ एकजुट हुए शिक्षक
इटावा। अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ(AIJTF)की एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई।बैठक का मुख्य उद्देश्य मा.सर्वोच्च न्यायालय द्वारा 1 सितंबर 2025 को टी.ई.टी.(TET)अनिवार्यता के संबंध में दिए गए आदेश के खिलाफ रणनीति तैयार करना और आगामी 13 अप्रैल को जिला मुख्यालय पर होने वाले विशाल मशाल जुलूस को सफल बनाना रहा।बैठक की अध्यक्षता संजीव यादव जिलाध्यक्ष प्राथमिक शिक्षक संघ इटावा द्वारा की गई।अनुभव का अपमान बर्दाश्त नहीं:विशिष्ठ बीटीसी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष मंगेश यादव ने मुख्य वक्ता के रूप में कहा कि दशकों से शिक्षा व्यवस्था को सींचने वाले शिक्षकों पर अब पात्रता शर्तें थोपना उनके अनुभव और सेवा का घोर अपमान है।उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा की गुणवत्ता केवल डिग्रियों से नहीं, बल्कि जमीनी अनुभव से आती है।
बटेंगे तो कटेंगे एकजुटता का आह्वान एस सी एस टी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष शिवराम सिंह ने इस आदेश को ‘मानसिक उत्पीड़न’ करार दिया।उन्होंने कड़े शब्दों में कहा,समय एकजुट होने का है।यदि हम बटे तो कटेंगे इसलिए हमें अपनी पूरी ताकत के साथ मशाल जुलूस को ऐतिहासिक बनाना है।प्राकृतिक न्याय के विरुद्ध है आदेश संजीव यादव जिला अध्यक्ष अंतर्जनपदीय शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन ने तकनीकी पक्ष रखते हुए कहा कि आरटीई (RTE)एक्ट से पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर नई शर्तें लागू करना खेल के बीच में नियम बदलने जैसा है, जो नैसर्गिक न्याय के सिद्धांतों के विपरीत है।अटेवा जिलाध्यक्ष अजय कुमार यादव ने सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को दुर्भाग्यपूर्ण बताया,जबकि ने इसे शिक्षकों की योग्यता को कमतर दिखाने का पूंजीवादी कुत्सित प्रयास करार दिया।
संयुक्त मोर्चा के घटक दलों में शामिल PSPSA के जिला महामंत्री *उपेंद्र तोमर ने कहा कि यह प्रदर्शन महज एक जुलूस नहीं, बल्कि शिक्षकों के वजूद की लड़ाई होगी।माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष रणविजय यादव ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इस दिशा में सकारात्मक कदम नहीं उठाए,तो यह आंदोलन जिला स्तर से उठकर पूरे प्रदेश को अपनी चपेट में लेगा।बैठक में अशोक राजपूत जिला अध्यक्ष उत्तर प्रदेशीय जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ,शौकीन सिंह यादव, जिला अध्यक्ष TSCT,राजीव कुमार,राजेश जादौन,आलोक चौहान, मनोज यादव,नृपेंद्र यादव,जितेंद्र यादव, विनय कुमार राजकुमार कुशवाहा, शिवरतन कठेरिया सहित कई पदाधिकारी सम्मिलित हुए।





