महोबा। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर जिला न्यायालय में जनपद न्यायाधीश राम नगीना यादव की अध्यक्षता में मध्यस्थता अभियान 2 के अंतर्गत एक बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिला जज के अलावा न्यायिक व प्रशासनिक अधिकारियों ने मध्यस्थता केंद्र में अधिक से अधिक पत्रावलियों संदर्भित करने और सुलह समझौता के आधार पर मामलों का निस्तारण कराए जाने पर जोर दिया गया।
जनपद न्यायाधीश ने राष्ट्रीय मध्यस्थता अभियान 2.0 के सम्बन्ध मे जानकारी देते हुये बताया कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली व मीडियेशन एवं कंसीलियेशन प्रोजेक्ट कमेटी, सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली के तत्वावधान में सम्पर्ण राष्ट्र में मध्यस्थता अभियान चलाया जा रहा है। राष्ट्रीय मध्यस्थता अभियान, जिसमें विभिन्न प्रकृति जैसे वैवाहिक विवाद के मामले, मोटर दुर्घटना प्रतिकर याचिकाएं, घरेलू हिंसा के मामले, चेक बाउंस के मामले, वाणिज्यिक विवाद के मामले, सेवा विवाद के मामले, शमनीय आपराधिक मामले, उपभोक्ता विवाद के मामले. ऋण वसूली के मामले, सम्पत्ति के बंटवारें से सम्बन्धित मामले, बेदखली से सम्बन्धित मामले, के मामले एवं अन्य उपयुक्त दीवानी मामलों को मध्यस्थता के लिए सन्दर्भित कर निस्तारण किया जायेगा। बताया कि उक्त अभियान का उदेश्य मध्यस्थता के माध्यम से न्यायालयों में लम्बित प्रकरणों का ज्यादा से ज्यादा संख्या में निस्तारण कराना है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण प्रभारी सचिव पूजा ने बताया कि राष्ट्रीय मध्यस्थता अभियान 2.0 के अन्तर्गत मध्यस्थता के माध्यम से न्यायालयों में सुलह योग लम्बित प्रकरणों का अधिकाधिक संख्या में मध्यस्थता केन्द्र, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में संदर्भित कराते हुए सुलह समझौते के आधार पर लम्बित प्रकरणों को अधिकाधिक संख्या में निस्तारण कराना सुनिश्चित जाए। उन्होंने जिले के आमजन से उपरोक्त राष्ट्रीय मध्यस्थता अभियान के अन्तर्गत न्यायालयों में सुलह योग लम्बित प्रकरणों का मध्यस्थता केन्द्र में संदर्भित कराते हुए सुलह समझौते के आधार पर लम्बित प्रकरणों को अधिकाधिक संख्या में निस्तारण कराने में सहयोग प्रदान करने की बात कही। इस मौके पर समस्त न्यायिक व प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।





