बिहार के मुंगरे में एक महिला ने गुरुवार को अपने चार बच्चों के साथ कीटनाशक दवा खाकर आत्महत्या की कोशिश की। सभी का अस्पताल में इलाज चल रहा है। महिला का इलाज इमरजेंसी वार्ड में चल रहा है। इमरजेंसी में इलाज कर रहे डॉ. हर्षवर्धन ने बताया कि महिला को अभी होश नहीं आया है। वहीं दो बच्चियों की भी स्थिति गंभीर बनी हुई है।
एक महिला ने गुरुवार को अपने चार बच्चों के साथ कीटनाशक दवा खाकर आत्महत्या की कोशिश की। सभी को एक ई-रिक्शा चालक ने जमालपुर स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया।
जमालपुर से प्राथमिक उपचार के बाद इन्हें सदर अस्पताल रेफर किया गया। महिला का नाम ललिता देवी बताया जा रहा है। अस्पताल में भर्ती बड़ा बेटा अमित कुमार (10) लड़खड़ाती आवाज में अपना घर शाहकुंड थाना क्षेत्र के पचरुखी में बता रहा है। इनका कोई भी स्वजन वहां उपस्थित नहीं है।
गांव में भी इनकी खोज का प्रयास किया गया, लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया। इस संबंध में सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. रमण कुमार ने बताया कि गुरुवार शाम लगभग चार बजे जमालपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से एक महिला और उसके चार बच्चों को अस्पताल में भर्ती कराया गया।
इन बच्चों में चांदनी कुमारी (09), मानवी कुमारी (04), अमित कुमार (10) और काजल कुमारी (02) का शिशु गहन चिकित्सा केंद्र में इलाज चल रहा है। महिला ललिता देवी का इलाज इमरजेंसी वार्ड में चल रहा है।
दो बच्चियों की हालत गंभीर
महिला ने खुद को जितेंद्र मंडल की पत्नी बताया है। चांदनी और मानवी की हालत गंभीर बनी हुई है। इमरजेंसी में इलाज कर रहे डॉ. हर्षवर्धन ने बताया कि महिला अभी होश में नहीं आई है।
इधर, जमालपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा प्रभारी डॉ. संजय सुमन ने बताया कि दोपहर में एक ई-रिक्शा चालक महिला सहित चारों बच्चों को लेकर पहुंचा था। महिला के हाथ में कीटनाशक दवा थी। महिला ने अपना नाम ललिता देवी बताया और पति का नाम जितेंद्र मंडल बताया। महिला ने पता शाहकुंड लिखाया।
कुछ देर बात वह बेहोश हो गई। डॉ. सुमन ने बताया कि बड़ा बेटा अमित जब अस्पताल पहुंचा था तो उसने मां का मंगलसूत्र और कुछ पैसे नर्स को दे दिए।