बांसी सिद्धार्थनगर। सोमवार को मिशन शक्ति के तहत विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इस अवसर पर जनपद न्यायालय से पीएलबी रामचंद्र ने कहा कि महिलाओं बच्चों गरीबों व कमजोर वर्ग के लोगों को निशुल्क विधि सहायता एवं सहायता का अधिकार प्रदान किया गया है।
बांसी तहसील के नगरपालिका बांसी कार्यालय में आजादी का अमृत महोत्सव के तहत विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में मुख्य अतिथि नायब तहसीलदार चद्रप्रकाश श्रीवास्तव ने कहा कि महिलाओं, बच्चों, गरीबों व कमजोर वर्ग के व्यक्तियों के लिए निशुल्क विधिक सहायता व सलाह का अधिकार प्रदान किया गया है।
भारत के संविधान में जीवन या व्यक्तिगत स्वतंत्रता के संबंध में विधि द्वारा स्थापित प्रक्रिया अपनाकर ही कार्रवाई का अधिकार है। इस अधिकार के तहत गरीब तबके के लोगों को गिरफ्तारी की दशा में अपनी पसंद के अधिवक्ता से सलाह प्राप्त करना, गिरफ्तारी के 24 घंटे में मजिस्ट्रेट के समक्ष प्रस्तुत करने का प्रावधान है।
उन्होंने बताया कि महिलाएं व 18 साल तक के बच्चे अनुसूचित जाति व जनजाति वर्ग, जातीय हिसा, बाढ, भूकंप, पीडित व्यक्ति, मानव तस्करी से आहत, शोषण या बेगार से पीडित, औद्योगिक कामगार, मानसिक रूप से अक्षम या दिव्यांग मुफ्त विधिक सहायता के हकदार हैं, ऐसे लोगों को सरकार अपने खर्च पर अधिवक्ता की सेवाएं उपलब्ध कराती है। इस अवसर शासकीय अधिवक्ता कृष्णकांत त्रिपाठी, PLVनेहा श्रीवास्तवा, रेहाना खातून, एस आई राजनाथ सिंह, मूख्य आरक्षी क्रीती सिंह सहित आशा, अंजू, ममता,आदि तमाम लोग मौजूद रहा।





