ऐसा अभियान चलायें जिससे दहेज प्रथा समाप्त हो और बेटियां सुरक्षित रहें- आनन्दी बेन पटेल

राज्यपाल ने स्वयं सहायता समूहों द्वारा लगाये गये प्रदर्शनी का किया अवलोकन

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ऐसा अभियान चलायें जिससे दहेज प्रथा समाप्त हो और बेटियां सुरक्षित रहें- आनन्दी बेन पटेल
अवधनामा संवाददाता 

आजमगढ़। दो दिवसीय दौरे पर जनपद पहुंची राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने सोमवार को पुलिस लाईन से सीधे कलेक्ट्रेट परिसर में लगी स्वयं सहायता समूहों द्वारा लगाये गये प्रदर्शनी का अवलोकन किया। राज्यपाल ने उ0प्र0 राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अन्तर्गत तैबा स्वयं सहायता समूह द्वारा बेडसीट, साड़ी सूट निर्माण, लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह द्वारा ब्लैक पाटरी, एक जनपद एक उत्पाद के अन्तर्गत निजामाबाद की ब्लैक पाटरी, जन सेवा स्वयं सहायता समूह द्वारा चूड़ी निर्माण, मॉ वैष्णो स्वयं सहायता समूह द्वारा वॉशिंग पाउडर निर्माण, भीमराव अम्बेडकर स्वयं सहायता समूह द्वारा एलईडी बल्ब निर्माण, विष्णु स्वंय सहायता समूह द्वारा चप्पल निर्माण, शिव स्वयं सहायता समूह द्वारा बैग निर्माण, सत्यम स्वयं सहायता समूह द्वारा अगरबत्ती निर्माण, हस्तशिल्प का सजीव प्रसारण आदि एवं कृषि विभाग तथा उद्यान विभाग द्वारा लगायी गयी प्रदर्शनी का अवलोकन किया। राज्यपाल ने स्वयं सहायता समूहों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि और ज्यादा मेहनत करके अपने आय में वृद्धि करें एवं अपना विकास करें।

इसके पश्चात आनंदीबेन पटेल द्वारा जिला कारावास आजमगढ़ के परिसर में वृक्षारोपण किया गया। महिला बंदी कविता व रेखा द्वारा स्वागत गीत की प्रस्तुति की गई। इस अवसर पर मा0 राज्यपाल महोदया द्वारा 10 महिला बंदी एवं बच्चों को कपड़ा प्रदान किया गया, जिसमें मनीषा, सुमित्रा, भगवती, सुशीला तथा बच्चों में शिवांश, धीरज आदि शामिल है।

इस अवसर पर मा0 राज्यपाल महोदया द्वारा पुरूष/महिला बंदियों को बताया गया कि एक बार जो गलती हो गई है, उसकी सजा काटने के बाद दूसरी गलती न करें। महिलाओं के लिए सरकार द्वारा आजीविका मिशन शुरू किया गया है, इसके तहत महिलाएं जुड़कर आत्मनिर्भर बन रही हैं। उन्होंने कहा कि रिहाई के बाद जेल से कैदियों को जो पैसा मिलता है, उसे परिवार में रोजगार के लिए लगाएं और रिहाई के बाद बदले की भावना को मन में न रखें। उन्होंने कहा कि महिलाओं को सुरक्षित रखने के लिए महिलाओं को आगे आना पड़ेगा, दहेज की वजह से बेटियां को मार देने पर मां- बाप को बहुत दर्द होता है, ऐसा अभियान चलाया जाए कि दहेज प्रथा समाप्त हो और बेटियां सुरक्षित रहें। राज्यपाल द्वारा महिला/पुरुष बंदियों को स्मार्ट टीवी, वाशिंग मशीन, कंप्यूटर प्रदान की गई।

 इस अवसर पर जिलाधिकारी राजेश कुमार, मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला, अपर जिलाधिकारी प्रशासन, अपर जिलाधिकारी वित्त/राज्य, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सहित अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहे।