स्वास्थ्य सेवाओं का मरीजों से लिया फीडबैक, प्रत्येक कक्ष में जाकर देखी व्यवस्थाएं
औषधि कक्ष पहुंचकर स्टॉक चेक किया और चिकित्सक द्वारा लिखी गई दवाओं का सत्यापन किया
अनाधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश पर लगेगी रोक, सीसीटीवी कैमरे बढ़ाये जायेगें
ललितपुर। जिले में स्वास्थ्य सेवाओं के भौतिक सत्यापन और उनकी बेहतरी के लिए जिलाधिकारी सत्य प्रकाश ने गुरुवार को राजकीय मेडिकल कॉलेज का औचक निरीक्षण किया। डीएम के निरीक्षण की खबर सुनकर अधिकारी व चिकित्सक मौके पर जा पहुंचे। डीएम ने प्रत्येक कक्ष का बारीकी से निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लेकर मरीजों से उनका फीडबैक लिया। उन्होंने निर्देश दिये कि चिकित्सालय में कोई भी अनाधिकृत व्यक्ति प्रवेश न करे, इसके लिए सीसीटीवी कैमरे बढ़ाये जायें और यदि कोई सरकारी सम्पत्ति को क्षति पहुंचाता है तो उसके विरुद्ध कानूनी कार्यवाही कर जुर्माना वसूला जाए। मरीजों को बेहतर उपचार के साथ-साथ साफ बेड, शौचालय, जांचे आदि निशुल्क उपलब्ध करायी जायें, यदि किसी प्रकार के लेनदेन की शिकायतें मिली तो सम्बंधित के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जाएगी।
यह भी बताया कि जिन चिकित्सकों की यहां आवश्यकता है उनके लिए शासन से पत्राचार किया जाएगा और जल्द से जल्द चिकित्सकों की तैनाती के प्रयास किये जायेंगे। उन्होंने आउटसोर्स पर कार्यरत कर्मचारियों से मिलकर एक सप्ताह के भीतर लम्बित वेतन दिलवाये जाने हेतु प्राचार्य को निर्देशित किया। पर्चा काउंटर व दवा वितरण कक्ष में जाकर पंजिकाओं का अवलोकन कर सम्बंधित कर्मचारी को मानक के अनुसार मरीजों की हिस्ट्री व दवाओं का अंकन करने के निर्देश दिये। मौके पर प्रधानाचार्य ने बताया कि पूर्व में यह जिला चिकित्सालय था, लेकिन इसे बाद में 500 बेड का उच्चीकृत मेडिकल कॉलेज में परिवर्तित कर दिया गया है। तदोपरान्त डीएम ने एसएनसीओ व मदर केयर यूनिट का निरीक्षण किया, जहां जीर्णोद्धार का कार्य चल रहा था।
बताया गया कि निर्माण कार्य के चलते मदर केयर यूनिट और एसएनसीयू को जच्चा-बच्चा वार्ड में शिफ्ट किया गया है। डीएम ने कहा कि जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूर्ण कराकर प्रसूता महिलाओं और बच्चों को शिफ्ट करें। इमरजेंसी एक्जिट को भी देखा और निर्देश दिये कि चिकित्सालय के ऑपन एरियाज को जाली से कवर कराया जाए, ताकि कोई यहां गंदगी या कचरा न डाल सके। ऑपरेशन थियेटर में सीएमएस ने बताया कि प्रतिदिन ऑपरेशन किये जाते हैं। जरनल वार्ड, महिला, पुरुष व आयुष्मान वार्ड के निरीक्षण में जिलाधिकारी ने पेसेंट हिस्ट्री एवं स्टॉफ पॉजीशन रजिस्टर का अवलोकन किया।
हडडी एवं जोड़ रोग कक्ष में डा.एम.सी.गुप्ता मरीजों को देखते हुए पाये गए। डीएम ने औषधिक भण्डार कक्ष में पहुंचकर स्टॉक जांचते हुये चिकित्सक द्वारा लिखी गई दवाओं को मंगाकर उनका सत्यापन किया। बताया गया कि यहां पर उच्च गुणवत्ता वाली दवाएं भी स्टॉक में उपलब्ध हैं, जो मरीजों को निशुल्क दी जाती हैं। जिलाधिकारी ने निर्देश दिये कि उपलब्ध दवाओं के साथ-साथ एक्सपायरी दवाओं का भी रिकॉर्ड रखा जाए और ऑनलाइन पोर्टल पर अपडेट किया जाए। डीएम ने ब्लड बैंक पहुंचकर ब्लड स्टोरेज चैम्बर का निरीक्षण कर स्टॉक चेक किया, जिसमें 94 यूनिट रक्त की उपलब्धता मिली।





