सम्पूर्ण समाधान दिवस में आई 151शिकायतें, अमेठी में डी एम,एस पी ने की जनसुनवाई, 12प्रार्थना पत्र निस्तारित किए गए
जनसुनवाई में आने वाली अवैध कब्जे, भूमि विवाद और राजस्व सम्बंधी अन्य शिकायतों को मुख्यमंत्री ने गंभीरता से लिया है। राजस्व सम्बन्धी शिकायतों का निस्तारण अब लेखपालों के भरोसे नहीं होगा। नायब तहसीलदार मौके पर जायेंगे और स्थलीय निरीक्षण के बाद पक्षों को संतुष्ट करते हुए समस्या का निस्तारण करेंगे। शिकायतों के निस्तारण में अंतिम निर्णय एस डी एम का होगा। निस्तारण रिपोर्ट की क्रास चेकिंग उच्चाधिकारियों द्वारा की जाएगी।
शनिवार को सम्पूर्ण समाधान दिवस में राजस्व कर्मियों के बीच मुख्यमंत्री के ताजा आदेश की खासी चर्चा रही। अमेठी में सम्पूर्ण समाधान दिवस में डी एम संजय चौहान और पुलिस अधीक्षक अर्पणा रजत कौशिक ने जनसुनवाई की। सबसे अधिक शिकायतें राजस्व विभाग से संबंधित रहीं। मुसाफिर खाना में सम्पूर्ण समाधान दिवस में आई तीन शिकायतें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है।तेतारपुर के राम प्रसाद मिश्र, अढनपुर के राम चन्द्र निषाद अवैध कब्जे को हटवाने के लिए कई महीनों से परेशान हैं। राजस्व कर्मियों की ओर से समुचित निस्तारण नहीं किया जा रहा है। अढनपुर के ही राम प्रसाद कोरी को15साल बाद भी पट्टे की जमीन पर कब्जा नहीं मिल पाया है।
मुसाफिर खाना में कुल 24शिकायतें पंजीकृत की गई हैं। निस्तारण शून्य रहा है।
अमेठी में 40में से 05, गौरीगंज में 60में से 05और तिलोई तहसील में 27में से 02शिकायत का निस्तारण हुआ है।
डी एम संजय चौहान ने सभी अधिकारियों को सुबह दस बजे से 12बजे तक कार्यालय में बैठकर जनसुनवाई करने और शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने के निर्देश दिए हैं।