आगरा। लोकसभा में बुधवार देर रात चर्चा के बाद वक्फ संशोधन बिल पास हो गया। बिल को लेकर वाराणसी, मथुरा, आगरा, कानपुर सहित पूरे यूपी में दूसरे दिन भी हाई अलर्ट रहा। इन जिलों में पुलिस ने फ्लैग मार्च किया साथ ही ड्रोन से निगरानी की जा रही है। दरअसल, उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा वक्फ संपत्तियां है जिन पर विवाद चल रहा है। इसी कड़ी में पुलिस आयुक्त आगरा के निर्देशन में वक्फ संशोधन बिल के द्दष्टिगत कानून/शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से कमिश्नरेट आगरा के थाना नाई की मण्डी एवं थाना किरावली पुलिस द्वारा अपने अपने थाना क्षेत्रांतर्गत संवेदनशील/मिश्रित आबादी वाले स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल के साथ फ्लैग मार्च करते हुए नागरिकों को कानून व्यवस्था का पालन करने हेतु जागरूक किया गया। वही कमिश्नरेट आगरा पुलिस द्वारा उक्त बिल के दृष्टिगत उचित पुलिस प्रबन्ध करते हुए समस्त थानों एवं चौकियों पर पुलिस टीम द्वारा क्षेत्र के वक्फ संपत्ति से संबन्धित मुतवल्लियों एवं सम्बन्धित लोग से सम्पर्क कर उन्हे सौहार्द कायम रखने हेतु जागरूक किया जा रहा है एवं किसी भी अराजकता फैलाने वाले तत्व से निपटने हेतु उचित प्रबन्ध किये गये है।
जानकारी अनुसार उत्तर प्रदेश में वक्फ बोर्ड 57 हजार 792 सरकारी संपत्तियों पर अपना दावा करता है लेकिन इतनी वक्फ संपत्तियां अभी तक राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज नहीं हैं। वक्फ संशोधन बिल पास होने के बाद अब वक्फ बोर्ड नहीं, बल्कि संबंधित जिलाधिकारी निर्णय लेने के लिए अधिकृत होंगे। दरअसल, उत्तर प्रदेश में वक्फ संपत्तियों के नाम पर बड़ा खेल हुआ है। अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की एक रिपोर्ट के अनुसार , सार्वजनिक उपयोग की जमीनें भी वक्फ बोर्डों ने अपने यहां वक्फ के रूप में दर्ज कर ली हैं। अब इन विवादों की सुनवाई जिलाधिकारी करेंगे।