बांसी सिद्धार्थनगर। अपनी विद्वत्ता, कर्मठता और सनातन संस्कृति के प्रति अटूट समर्पण से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने वाले सुप्रसिद्ध ज्योतिर्विद और सामाजिक विचारक आचार्य संतोष कुमार पाण्डेय आज मानवता की सेवा में एक मिसाल बन चुके हैं। जनपद के ग्राम जीवा में जन्मे आचार्य जी ने ज्योतिष शास्त्र और आध्यात्मिक मार्गदर्शन के माध्यम से न केवल देश, बल्कि विदेशों में भी सनातन धर्म की ध्वजा फहराई है।
बहुभाषी व्यक्तित्व और लेखन का धनी स्वर्गीय योगेश कुमार पाण्डेय के सुपुत्र आचार्य संतोष कुमार पाण्डेय एक बहुमुखी प्रतिभा के धनी हैं। उन्हें हिंदी, संस्कृत और अंग्रेजी के साथ-साथ पंजाबी, गुजराती, बंगाली, मैथिली और उड़िया जैसी क्षेत्रीय भाषाओं का भी गहरा ज्ञान है। भाषाई विविधता के कारण वे देश के अलग-अलग कोनों से आने वाले लोगों से सीधे जुड़कर उनकी समस्याओं का समाधान करते हैं।
आचार्य जी का शुरुआती सफर गद्य साहित्य और पत्रकारिता से जुड़ा रहा है। उन्होंने देश के प्रतिष्ठित समाचार चैनलों और पत्र-पत्रिकाओं में समाचार प्रबंधन और संपादन के क्षेत्र में वर्षों तक अपनी सेवाएं दी हैं। हालांकि, पिछले 20 वर्षों से वे पूर्णतः ज्योतिष विज्ञान के माध्यम से समाज का मार्गदर्शन कर रहे हैं। उनके ज्ञान का लाभ न केवल हिंदू समाज, बल्कि विश्व के विभिन्न धर्मों के अनुयायी भी उठा रहे हैं।
आगामी पुस्तक: ‘ग्रह विशेष पीड़ा’ से मुक्ति का मार्ग
मानव कल्याण की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाते हुए आचार्य जी वर्तमान में ‘ग्रह विशेष पीड़ा’ से मुक्ति के सरल उपायों पर आधारित एक महत्वपूर्ण पुस्तक लिख रहे हैं। यह पुस्तक जल्द ही पाठकों के लिए उपलब्ध होगी, जो आम जनमानस को ग्रहों के दोषों से मुक्ति पाने में सहायक सिद्ध होगी
आचार्य जी वर्तमान में कई महत्वपूर्ण संगठनों के माध्यम से सामाजिक और आध्यात्मिक कार्यों का नेतृत्व कर रहे हैं:
- अध्यक्ष: लॉर्ड शिवा फाउंडेशन।
- अध्यक्ष: ईशानाह रिचुअल फाउंडेशन प्राइवेट लिमिटेड।
- अध्यक्ष: ईस्ट राइटर न्यूज़ मीडिया वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड।
- अध्यक्ष: वेदम एस्ट्रो एंड लाइफ साइंसेज।प्रभारी: रामायण रिसर्च काउंसिल, भारत (उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश)।आचार्य संतोष कुमार पाण्डेय का जीवन पूरी तरह से सनातन संस्कृति के संरक्षण और ज्योतिष विज्ञान के वैज्ञानिक दृष्टिकोण से जन-कल्याण के प्रति समर्पित है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे सिद्धार्थनगर जनपद में हर्ष का माहौल है।





