विधानसभा में विपक्षी दलों ने राशन कार्ड मामले पर सरकार को घेरा
-विपक्ष ने लगाया आरोप, हो रहा है अपात्रों का चयन
-संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना ने कहा 6 महीने के भीतर होगी कार्यवाही

लखनऊ। विधानसभा में आज राशन कार्ड का मामला गंूजा। विपक्षी दलों ने राशन कार्ड मामले पर सरकार को घेरते हुए आरोप लगाया कि अपात्रों का चयन हो रहा है। सरकार इस पर कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। विपक्षी दलों के सवालों का जवाब देते हुए संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि 6 महीने के भीतर मामलों पर होगी कार्यवाही होगी।
विधानसभा सत्र के दूसरे दिन प्रश्नकाल के दौरान कई मुद्दों पर विपक्षी दल सपा, बसपा और कांग्रेस ने सरकार को घेरा। सबसे पहले विपक्ष ने राशन कार्ड का मुद्दा उठाया। विपक्ष ने आरोप लगाते हुए कहा कि राशन कार्ड में अपात्रों का चयन हो रहा है। इस पर जवाव देते हुए कहा कि इस दिशा में कार्यवाही की जा रही है। 30 लाख से ज्यादा अपात्रों के कार्ड निरस्त हो चुके हैं। राशन प्रणाली में सरकार सुधार चाहती है। डीबीटी योजना को लेकर प्रश्नकाल में विपक्ष ने सवाल किया जिस पर सुरेश खन्ना ने जवाब देते हुए कहा कि बागपत, फैजाबाद के दो तहसीलों में पायलट प्रोजेक्ट चल रहा है। चंडीगड़, झारखंड की तर्ज पर खाद्य सुरक्षा में डीबीटी का पायलट प्रोजेक्ट शुरु किया गया है। 4 बिंदुओं पर राशनकार्ड धारकों का सत्यापन हो रहा है।
उन्होंने कहा कि राशन प्रणाली में सरकार सुधार चाहती है। सरकार राशन प्रणाली में सुधार के लिए प्रतिबद्ध। राशन के पात्र लाभार्थियों के हितों का रखा जाएगा ध्यान। उन्होंने कहा कि 6 महीने के भीतर मामलों पर कार्यवाही होगी।





