हाथरस में फर्जी हस्ताक्षर के जरिए 11 लाख रुपये की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आने से हड़कंप मच गया है। सांसद अनूप प्रधान के नाम और हस्ताक्षर के कथित दुरुपयोग से जुड़े इस मामले में राजकमल प्रकाशन की ओर से प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। पुलिस अब मामले की जांच में जुटी है।
फर्जी हस्ताक्षर से ठगी का आरोप
हाथरस। हाथरस में सांसद अनूप प्रधान के फर्जी हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर 11 लाख रुपये की धोखाधड़ी किए जाने का मामला सामने आया है। इस प्रकरण में राजकमल प्रकाशन ने एफआईआर दर्ज कराकर संबंधित मामले की जांच की मांग की है। मामला सामने आने के बाद फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल और कथित वित्तीय धोखाधड़ी को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
जांच के बाद सामने आएगी पूरी सच्चाई
मामले में पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि कथित फर्जी हस्ताक्षर का इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया गया और 11 लाख रुपये की धोखाधड़ी में किन लोगों की भूमिका रही। फिलहाल, प्राथमिकी दर्ज होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।
फर्जीवाड़े पर उठे सवाल
किसी जनप्रतिनिधि के नाम और हस्ताक्षर का कथित तौर पर दुरुपयोग कर आर्थिक धोखाधड़ी किए जाने का मामला गंभीर है। जांच में दस्तावेजों की सत्यता, लेन-देन और संबंधित लोगों की भूमिका अहम होगी। हालांकि, मामले से जुड़े विस्तृत तथ्यों और पुलिस के आधिकारिक बयान के आधार पर ही पूरे घटनाक्रम की पुष्टि हो सकेगी।





