विपक्षी दलों ने पश्चिम एशिया युद्ध के मद्देनजर पेट्रोल-डीजल और खाद्य तेल की खपत कम करने की पीएम मोदी की अपील की कड़ी आलोचना की है। राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे जैसे नेताओं ने इसे सरकार की विफलता बताते हुए पीएम पर अपनी नाकामियों का ठीकरा जनता पर फोड़ने का आरोप लगाया।
विपक्षी दलों ने पश्चिम एशिया युद्ध से पनपे हालात के मद्देनजर जनता से पेट्रोल-डीजल से लेकर खाद्य तेल की खपत कम करने की प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अपील की तीखी आलोचना की है।
लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने इसे सरकार की विफलता का प्रमाण बताते हुए आरोप लगाया कि कि पीएम मोदी अपनी 12 साल की नाकामी का ठीकरा जनता पर फोड़ रहे हैं।
पीएम मोदी की अपील पर राहुल का पोस्ट
पीएम मोदी की अपील पर सोमवार को एक्स पोस्ट में राहुल गांधी ने कहा, मोदी जी ने जनता से त्याग मांगा-सोना मत खरीदो, विदेश मत जाओ, पेट्रोल कम जलाओ, उर्वरक और खाने का तेल कम करो, मेट्रो में चलो, घर से काम करो। 12 साल में उन्होंने देश को इस मुकाम पर ला दिया है कि जनता को बताना पड़ रहा है क्या खरीदे, क्या न खरीदे, कहां जाए, कहां न जाए। देश चलाना अब समझौता करने वाले पीएम के बस की बात नहीं।
मल्लिकार्जुन खरगे ने पीएम की अपील पर तंज कसते हुए कहा कि जब ‘गरीबी में आटा गीला’ हो रहा है तब पीएम मोदी देश को बचत करने का पाठ पढ़ा रहे हैं। चुनाव खत्म होने के बाद देश को उपदेश दिया जा रहा है।
प्रेट्र के अनुसार, समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार अर्थव्यवस्था और विदेश नीति दोनों को संभालने में विफल रही है। एक्स पर एक पोस्ट में उन्होंने कहा-चुनाव खत्म होते ही सरकार को अचानक संकट याद आ गया।
माकपा ने भी साधा निशाना
असल में देश के लिए एक ही संकट है और उसका नाम है भाजपा। माकपा महासचिव एमए बेबी ने कहा कि अमेरिका-इजरायल गठबंधन के साथ पूरी तरह से जुड़ने के कारण सरकार जनता के हितों की रक्षा करने में पूरी तरह विफल रही है।
भाकपा नेता डी राजा ने कहा कि पीएम लोगों को सोना नहीं खरीदने की सलाह दे रहे हैं, लेकिन लोगों के पास खाने के लिए भी पर्याप्त पैसे नहीं हैं। जिनके पास पैसे नहीं हैं, वे सोना कैसे खरीद सकते हैं? आप सांसद संजय सिंह ने कहा कि ईंधन बचाने के लिए प्रधानमंत्री को रोड शो, जनसभाएं और विदेश यात्राएं बंद कर देनी चाहिए।





