हुसैनगंज क्षेत्र में सड़कों के नव निर्माण व चौड़ीकरण को लेकर पहल तेज
विधायक उषा मौर्य ने मुख्यमंत्री व मंत्रियों को भेजे प्रस्ताव
फतेहपुर। विधानसभा में हुसैनगंज विधायक एवं सपा नेत्री ऊषा मौर्य ने क्षेत्र की समस्या को बहुत ही गंभीरता के साथ उठाया है। सदन में बोलते हुए उन्होंने क्षेत्र की सड़क समस्या, विद्यालय समस्या, असनी पुल की समस्या, अंत्येष्टि स्थलों की समस्या, घाटों की समस्या और विशेष रूप से जिला अस्पताल एवं मेडिकल कॉलेज की समस्या पर आवाज उठाई है।
बताते चलें कि चल रहे विधानसभा सत्र में विधायक ऊषा मौर्य ने निर्माणाधीन असनी पुल की समय सीमा को लेकर तथा उसके न बनने से हुसैनगंज – डलमऊ मार्ग पर लगने वाले जाम और उस जाम से परेशान होते लोगों की वस्तुस्थिति से अवगत कराया इसके अलावा खागा – नौबस्ता मार्ग की खस्ताहाल, इज़ूरा से संकठन घाट तक की बदहाली, मंडवा में बने अंत्येष्टि स्थल पर सुविधा न होने से शोपीस बना स्थल की चर्चा, मोहम्मदपुर गौंती पुल से टांडा मार्ग का निर्माण न होना, सरकारी विद्यालयों में शौचालयों की बदहाल स्थिति एवं मच्छरों से स्वास्थ्य के हालत पर बोलते हुए जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था पर करारा प्रहार करते हुए बदहाली के हाल सुधारने की बात कही है।
इतना ही नहीं हुसैनगंज विधानसभा क्षेत्र में जर्जर सड़कों के नव निर्माण एवं चौड़ीकरण को लेकर पहल तेज की गई है। क्षेत्रीय विधायक ऊषा मौर्य द्वारा मुख्यमंत्री सहित संबंधित विभागीय मंत्रियों को पत्र भेजकर विभिन्न मार्गों के निर्माण, मरम्मत और सुदृढ़ीकरण की मांग की गई है। विधायक द्वारा भेजे गए प्रस्ताव में हुसैनगंज क्षेत्र की अनेक संपर्क मार्गों को अत्यंत जर्जर बताते हुए उनके शीघ्र नव निर्माण की आवश्यकता जताई गई है। प्रस्तावित सूची में फतेहपुर टेकारी-रोशनपुर टेकारी मार्ग, मोहलियाया का पुरवा-नवाबगंज मार्ग, हुसैनगंज सातमील से सकूलपुर मार्ग सहित लगभग ढ़ाई दर्जन संपर्क मार्ग के निर्माण की मांग शामिल हैं।
इन मार्गों की लंबाई लगभग एक से पांच किलोमीटर तक बताई गई है, जिनके निर्माण से ग्रामीण क्षेत्रों को सीधा आवागमन सुविधा मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा विधायक ने नियम-51 के अंतर्गत सूचना देते हुए हुसैनगंज-हथगांव मार्ग के चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण तथा चंदीपुर चौराहे से नहर होते हुए हुसैनगंज-हथगांव मार्ग के नव निर्माण का विषय भी सदन के समक्ष उठाया है। वहीं जल शक्ति विभाग को भेजे गए पत्र में जनपद के विभिन्न जल स्रोतों, झीलों और नदियों के पुनर्जीवन का मुद्दा भी उठाया गया है।
विशेष रूप से ससुर खदेरी नदी सहित अन्य जल स्रोतों के संरक्षण एवं पुनरुद्धार के लिए अध्ययन रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की मांग की गई है। विधायक ऊषा मौर्य ने कहा कि क्षेत्र की सड़कों की दुर्दशा से आमजन को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। आवागमन, शिक्षा, कृषि कार्य और व्यापारिक गतिविधियों पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। ऐसे में जनहित में शीघ्र कार्यवाही आवश्यक है। अब देखना होगा कि शासन स्तर से इन प्रस्तावों पर कितनी तेजी से स्वीकृति मिलती है और क्षेत्रवासियों को कब तक राहत मिल पाती है।





