कई बार हम फिट महसूस करते हैं, लेकिन अंदर नसों में कोलेस्ट्रॉल जमा होने लगता है और हमें पता भी नहीं चलता। ऐसा इसलिए क्योंकि कोलेस्ट्रॉल बढ़ने के कोई साफ लक्षण नहीं होते या वे लक्षण (High Cholesterol Symptoms) इतने मामूली होते हैं कि लोग उन पर ध्यान नहीं देते। लेकिन हाई कोलेस्ट्रॉल के लक्षणों की पहचान करना काफी जरूरी है।
कोलेस्ट्रॉल हमारे शरीर के लिए जरूरी होता है, लेकिन यह परेशानी तब बनता है, जब ब्लड में इसकी मात्रा बढ़ जाती है (High Cholesterol)। कोलेस्ट्रॉल लेवल बढ़ने पर यह धीरे-धीरे आर्टरीज में जमा होने लगता है और ब्लॉकेज कर देता है।
आमतौर पर हाई कोलेस्ट्रॉल के शुरुआती स्टेज में कोई साफ लक्षण (Symptoms of High Cholesterol) नजर नहीं आते, लेकिन जब स्तर लगातार बढ़ा रहे, तो शरीर कुछ संकेत देने लगता है। आइए जानते हैं हाई कोलेस्ट्रॉल के इन्हीं संकेतों के बारे में।
पैरों में दर्द या ऐंठन
जब कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है, तो यह पैरों की आर्टरीज में प्लाक जमा कर सकता है, जिससे ब्लड का फ्लो प्रभावित होता है। इस स्थिति को पेरिफेरल आर्टरी डिजीज कहते हैं। इसके कारण चलने-फिरने या सीढ़ियां चढ़ने पर पैरों में दर्द, ऐंठन, भारीपन या सुन्नता महसूस हो सकती है। आराम करने पर यह दर्द कम हो जाता है, लेकिन काम करते वक्त फिर लौट आता है।
सीने में दर्द या भारीपन
हाई कोलेस्ट्रॉल के कारण दिल तक ब्लड पहुंचाने वाली आर्टरी संकरी हो सकती हैं। इससे सीने में दबाव, जकड़न, भारीपन या दर्द की शिकायत हो सकती है, जिसे एनजाइना कहते हैं। यह दर्द आमतौर पर शारीरिक या भावनात्मक तनाव के समय महसूस होता है और आराम करने पर कम हो जाता है। इसे हल्के में न लें, यह हार्ट अटैक का संकेत भी हो सकता है।
सांस लेने में तकलीफ
जब कोलेस्ट्रॉल जमाव के कारण दिल की काम करने की प्रभावित होती है, तो शरीर को सही मात्रा में ऑक्सीजनेटेड ब्लड नहीं मिल पाता। इससे सामान्य गतिविधियों जैसे चलने, घर के काम करने या थोड़ी सी मेहनत में भी सांस फूलने लगती है। यह लक्षण हार्ट डिजीज या हार्ट फेल्योर का संकेत भी हो सकता है।
त्वचा पर पीले रंग के उभार
कई बार हाई कोलेस्ट्रॉल त्वचा पर दिखाई देने लगता है। खासतौर से आंखों के आसपास की त्वचा पर पीले रंग के नरम उभार दिखाई दे सकते हैं, जिन्हें जैंथोमास कहा जाता है। यह चर्बी और कोलेस्ट्रॉल का जमाव होता है और अक्सर हाइपरकोलेस्ट्रोलेमिया वाले लोगों में देखा जाता है।
चक्कर आना या संतुलन खोना
हाई कोलेस्ट्रॉल दिमाग तक ब्लड पहुंचाने वाली आर्टरीज को प्रभावित कर सकता है। इससे दिमाग को सही मात्रा में ऑक्सीजन नहीं मिल पाती, जिसके कारण चक्कर आना, सिर हल्का महसूस होना, अचानक संतुलन खोने जैसी स्थिति हो सकती है। ये लक्षण ट्रांजिएंट इस्केमिक अटैक का संकेत भी हो सकते हैं।





