जिला मुख्यालय में बिजली और पानी की अनियमित आपूर्ति को लेकर जिलाधिकारी घनश्याम मीना ने कड़ा रुख अपनाया। सोमवार को डीएम ने पतारा पावर हाउस का औचक निरीक्षण किया और बिजली पारेषण कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को युद्ध स्तर पर कार्य करने के निर्देश दिए।डीएम ने अधिशासी अभियंता (विद्युत) को दो दिन के भीतर पतारा फीडर से बिजली जोड़ने और कंट्रोल रूम स्थापित करने का आदेश दिया। साथ ही, बिजली और पानी की वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने उपखंड अधिकारी (एसडीओ) के खिलाफ कार्रवाई के लिए पत्राचार करने को भी कहा। डीएम ने स्पष्ट चेतावनी दी कि नागरिकों को बिजली और पानी की कोई समस्या नहीं होनी चाहिए, अन्यथा कड़ी कार्रवाई होगी।इसके बाद डीएम ने जल संस्थान का निरीक्षण किया और पानी की सुचारू आपूर्ति के लिए अधिकारियों को तत्काल कदम उठाने के निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी (सदर) सुक्रमा प्रसाद विश्वकर्मा, अधिशासी अभियंता (विद्युत), एसडीओ (विद्युत) सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।स्थानीय लोगों ने डीएम की इस पहल की सराहना की और उम्मीद जताई कि जल्द ही समस्याओं का समाधान होगा।





