Wednesday, February 18, 2026
spot_img
HomeUttar PradeshAligarhसाइबर सेल टीम द्वारा सी.बी. गुप्ता सरस्वती इण्टर कॉलेज में साइबर सेमिनार...

साइबर सेल टीम द्वारा सी.बी. गुप्ता सरस्वती इण्टर कॉलेज में साइबर सेमिनार का किया गया आयोजन

अलीगढ़। साइबर जागरूकता कार्यक्रम में 03 यू.पी. गर्ल्स एनसीसी बटालियन की 450 प्रशिक्षणरत गर्ल्स कैडेट्स व बटालियन में उपस्थित अधिकारी व कर्मचारियों को बढ़ते साइबर अपराधों से बचाव के बारे में जानकारी देकर किया गया जागरुक। गुरुवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक व पुलिस अधीक्षक अपराध के पर्यवेक्षण में तथा क्षेत्राधिकारी अपराध/ साइबर के नेतृत्व मे थाना साइबर क्राइम जनपद अलीगढ द्वारा साइबर क्राइम की रोकथाम एंव उसके बचाव के लिए सी.बी. गुप्ता सरस्वती इण्टर कालेज सिंघारपुर आसना थाना मडराक जनपद अलीगढ में साइबर जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया। जिसमे उपस्थित 450 प्रशिक्षणरत गर्ल्स कैडेट्स व बटालियन के अधिकारी व कर्म0गण को वर्तमान मे होने वाले विभिन्न प्रकार के साइबर अपराधों जैसे ,मोबइल सिम व खाते को अपडेट करने के बहाने खाते व ए टी एम की जानकारी लेकर आनलाईन ठगी करना ,गूगल से कस्टमर केयर का न0 सर्च कर बात करने पर ठगी होना ,फेसबुक व व्हाट्सएप पर दोस्ती कर विडियो कॉल के द्वारा अश्लील विडियो बनाकर ब्लैकमेल करना ,ओ एल एक्स तथा फेसबुक पर सामान बेचने व खरीदने के बहाने से ठगी करना के बारे मे जानकारी दी गई तथा साइबर अपराध से बचने के तरीको जैसे किसी अन्जान नम्बर से परिचित बनकर आने वाली फोन कॉल पहले अपने फोन से उक्त परिचित से बात कर लेने से इस प्रकार की घटना से बचा जा सकता है तथा अपने फोन पर सिम व खाते को अपडेट कराने वाली फोन कॉल से बचें। यदि आपको कभी भी किसी कम्पनी के कस्टमर केयर नम्बर की आवश्यकता होती है तो सदैव उस कम्पनी की वास्तविक साइट पर जाकर फोन नम्बर प्राप्त करें, साइबर अपराधियों द्वारा आवाज को कॉपी कर व वीडियों काल पर परिचित का चहरा लगाकर AI (आर्टीफिशियल इंटेलीजेन्स) के द्वारा सगे सम्बन्धियों से साइबर ठगी की जाती है जिससे बचने के लिए सम्बन्धित व्यक्ति से बात कर पूर्ण पुष्टि कर लेना चाहियें तथा साइबर ठगों द्वारा नकली पुलिस अधिकारी बनकर पीडित को फोन पर बताया जाता है कि आप के नाम से एक शिकायत दर्ज हुई है झूठें मामलें को लेकर पीडित को पहले काफी डरा धमकाया जाता है इसके बाद घर से बाहर निकलने से मना कर देतें है कि आपको डिजिटल अरेस्ट किया जाता है पुलिस द्वारा इस प्रकार डिजिटल अरेस्ट नही किया जाता है अगर किसी के पास ऐसी कॉल आती है तो वह फ्रॉड काल है इसे इग्नोर करें। इस प्रकार वर्तमान समय मे होने वाली साइबर अपराध की घटनाओं से बचा जा सकता है। साथ ही साथ उपरोक्त जानकारी को बैंक कस्टूमर को साझा करने के लिए भी प्रेरित किया गया। यदि साइबर अपराध की घटना हो जाती है तो इसकी सूचना तुरन्त साइबर अपराध हैल्पलाइन न0 1930 पर कॉल करें तथा इसकी शिकायत साइबर क्राइम पुलिस पोर्टल www.cybercrime.gov.in पर करने के बारें मे भी बताया गया।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img

Most Popular